पहले चरण में 24 प्रोफेसर, एसो. प्रोफेसर एवं असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर होगी भर्ती
विवि का नया परिसर बनकर तैयार, तीन से चार महीने में स्थानांतरित होगा विवि
प्रयागराज। प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भैया) विश्वविद्यालय में खाली शिक्षकों के पदों पर जल्द ही चयन प्रक्रिया शुरू होगी। विवि की ओर से 92 शैक्षिक पदों के लिए विज्ञापन जारी करने के साथ भर्ती प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव ने बुधवार को अपनी पहली पत्रकार वार्ता में बताया कि शिक्षक भर्ती में पहले चरण में विवि में जिन छह विषयों की पढ़ाई चल रही है, उसमें प्राचीन इतिहास, हिंदी, राजनीति शास्त्र, वाणिज्य, समाजकार्य एवं अर्थशास्त्र विषय के लिए प्रति विषय चार-चार शिक्षकों अर्थात कुल मिलाकर 24 पदों पर भर्ती होगी।
कुलपति प्रो. श्रीवास्तव ने बताया कि पहले चरण में छह विषयों में एक-एक प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर एवं दो असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर चयन किया जाएगा। साथ ही स्किल बेस्ड सेल्फ फाइनेंस कोर्स शुरू करने की तैयारी है, इसमें फैशन डिजाइनिंग, डाइट एंड न्यूट्रिशन, योगा-मेडिटेशन कोर्स शामिल हैं। विवि की ओर से अब कॉलेजों को ऑनलाइन संबद्धता दी जाएगी। कुलपति ने बताया कि उन्होंने विवि में आने के बाद कार्य परिषद, विद्वत परिषद, वित्त समिति का गठन किया। इसकी पहली बैठक बुलाकर कुछ नियमों में बदलाव किया है। उन्होंने बताया कि विवि का नैनी सरस्वती हाईटेक सिटी स्थित परिसर लगभग तैयार हो गया है। आने वाले तीन से चार महीने में विवि को नए परिसर में स्थानांतरित कर दिया जाएगा।
75 फीसदी से अधिक अंक देने पर लगी रोक हटी
कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव ने बताया कि अभी तक विवि की परीक्षा में 75 फीसदी से अधिक अंक देने पर रोक लगी थी, उन्होंने कार्य परिषद की बैठक बुलाकर इस नियम को बदल दिया। उन्होंने बताया कि अब परीक्षा में अंक देने की अधिकतम की सीमा हटा दी गई है। अब कोई परीक्षक 95 फीसदी से अधिक अंक देगा तो विवि इसकी दोबारा जांच करवा सकता है। उन्होंने बताया कि नए नियम के बाद अब बीएससी एवं एमएससी कृषि को अधिकतम अंक मिल सकेगा।
धरने पर बैठे शिक्षकों से हमारा सरोकार नहीं
प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भैया) विश्वविद्यालय परिसर में धरने पर बैठे स्ववित्त पोषित शिक्षकों के बारे में सवाल पूछे जाने पर कुलपति ने कहा कि यह हमारे शिक्षक नहीं हैं, इनसे हमारा कोई सरोकार नहीं है। उन्होंने विवि से संबद्ध कॉलेजों में प्रबंधन की ओर से छात्रों से मनमानी वसूली पर सवाल पूछे जाने पर कहा कि इस बारे में विवि की ओर से निगरानी की जा रही है।