मेजा के साधन सहकारी समिति लक्षनकापूरा में यूरिया लेने को उमड़ी किसानों की भीड़। संवाद
खाद की किल्लत से किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सुबह से शाम तक भागदौड़ के बाद समितियां से महज दो बोरी खाद में संतुष्ट होना पड़ रहा है। इससे उनकी उपज प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है।
कौड़िहार की छह सहकारी समितियां पर किसानों की आवश्यकता के अनुसार यूरिया खाद नहीं मिल रही है। इससे किसानों को बाजार की दुकानों से अधिक कीमत देकर खाद खरीदनी पड़ रही है। किसान अजय कुमार, राम सजीवन ने बताया कि समय पर उर्वरक न मिलने से धान की फसल में छिड़काव नहीं हो पा रहा है। सहायक विकास अधिकारी सहकारिता धीरज कुमार यादव ने बताया कि यूरिया की कमी नहीं है। सचिव की कमी से रोस्टर के मुताबिक किसानों को खाद उपलब्ध कराई जा रही है।
लक्षनकापूरा समिति में यूरिया लेने के लिए जुटी भीड़
साधन सहकारी समिति लक्षनकापूरा में सोमवार को यूरिया लेने के लिए किसानों की दिनभर भीड़ रही। यूरिया लेने के चक्कर में किसान आपस में भिड़ते रहे। मेजा विकास खंड के एडीओ कोऑपरेटिव सच्चिदानंद दुबे ने बताया कि समिति में यूरिया का पर्याप्त स्टॉक है। किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होने पाएगी।