कोर्ट ने अभियोजन साक्ष्य के अवसर समाप्त करते लापता मुल्जिमों के खिलाफ शुरू की गई कार्यवाही को स्थगित कर दिया। गिरफ्तारी की गुंजाइश को खत्म मानते हुए कोर्ट ने मुकदमेे की पत्रावली को दाखिल दफ्तर करने का फैसला सुना दिया। हालांकि, कोर्ट ने दोनों मुल्जिमों के खिलाफ स्थायी वारंट जारी कर आदेश की प्रति पुलिस कमिश्नर को भेजी है।
कहां है अवैध हथियार ?
हैरानी की बात यह है कि पुलिस वो अवैध हथियार भी अदालत में बतौर सुबूत पेश नहीं कर पाई जिसके आधार पर मुकदमा दर्ज हुआ। जबकि, मामला ट्रायल कोर्ट में भेजने से पहले विवेचक ने साक्ष्य संकलित कर कथित अवैध हथियार बरामद कर, मालखाने में जमा किया होगा।