नैनी स्थित कृषि संस्थान के कार्यों की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है। संस्थान पर आरोप है कि उसने हाईकोर्ट और सुप्रीमकोर्ट में छद्म याचिकाएं दाखिल कर आदेश प्राप्त किए हैं।
इस आशय की शिकायत हाईकोर्ट प्रशासन और चीफ जस्टिस के अलावा सुप्रीमकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को भी भेजी गई है। शिकायतकर्ता ने संस्थान की गतिविधियों को लेकर अन्य कई गंभीर आरोप लगाए हैं।
शपथपत्र दाखिल कर शिकायत करने वाले सदानंद राय के मुताबिक उसने वर्ष 2002 में संस्थान के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी यह आज भी विचाराधीन है। इस बीच वर्ष 2003 में संस्थान ने उन्हीं के नाम से उनकी जानकारी के बिना याचिका दाखिल कर आदेश प्राप्त कर लिया।
इसी प्रकार से नैनी निवासी केशव प्रसाद मिश्र के नाम से वर्ष 03 से 04 के बीच छह याचिकाएं हाईकोर्ट में दाखिल कर एक पक्षीय आदेश प्राप्त किए गए जबकि केशव प्रसाद की मृत्यु 1993 में हो चुकी है। इस प्रकार से मृत व्यक्ति के नाम पर याचिकाएं दाखिल कर धोखे से आदेश प्राप्त किया गया।
इसी प्रकार की याचिकाएं सुप्रीमकोर्ट में भी दाखिल करने का आरोप है। सदानंद ने शिकायत की प्रतियां सीबीआई निदेशक, गृह सचिव उत्तर प्रदेश और केंद्र सरकार के गृहसचिव को भी भेजी हैं।