शहर में ट्रैफिक नियमों को धता बताते हुए हजारों वाहन मालिक जुर्माना भरने से बच रहे हैं। यातायात पुलिस की ताजा रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि करीब 12 हजार वाहन मालिकों पर पांच करोड़ रुपये से ज्यादा का चालान बकाया है। इनमें कई ऐसे वाहन मालिक हैं जिनके एक-एक वाहन पर 10 से 12 तक चालान लंबित हैं बावजूद इसके अब तक जुर्माना नहीं भरा गया है।
यातायात पुलिस ने इन बकाया चालानों का ब्योरा जुटाकर सूची तैयार कर ली है। रिपोर्ट के मुताबिक, सबसे ज्यादा बकाया चालान उन वाहन मालिकों पर हैं जिन्होंने बिना हेलमेट, बगैर सीट बेल्ट, नो पार्किंग, रेड सिग्नल जंप और ओवरलोडिंग जैसे मामलों में नियमों का उल्लंघन किया है। कई बार नोटिस जारी करने और ऑनलाइन भुगतान की सुविधा देने के बावजूद इन चालानों की रकम अटकी हुई है।
यातायात पुलिस के अधिकारियों का कहना है कि अब यह रिपोर्ट क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) को भेजी जाएगी। आरटीओ की ओर से संबंधित वाहन मालिकों के खिलाफ पंजीयन रद्द करने से लेकर फिटनेस सर्टिफिकेट रोकने तक की कार्रवाई की जा सकती है। इससे ऐसे वाहन मालिकों पर दबाव बनेगा और वह बकाया जुर्माना चुकाने को मजबूर होंगे।
यह हो रहा नुकसान
पुलिस अफसरों की मानें तो बकाया चालान की वजह से राजस्व की भी भारी हानि हो रही है। समय पर सभी वाहन मालिक जुर्माना अदा कर दें तो यातायात व्यवस्था में सुधार के साथ-साथ सरकारी खजाने को भी मजबूती मिलेगी। एडीसीपी ट्रैफिक कुलदीप सिंह ने कहा कि अब बकाया चालानों पर कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। जल्द ही विशेष अभियान चलाकर बकायेदार वाहन मालिकों पर कार्रवाई शुरू होगी। इसके लिए आरटीओ को रिपोर्ट भेजी जाएगी।