बोर्ड की बैठक में सदस्य राजेंद्र मिश्र ने कहा कि प्राधिकरण में जिन आवासीय योजनाओं में कई वर्ष पहले धनराशि जमा कराई है, वहां आवंटियों को पूर्व की दरों पर भवन आवंटित किए जाएं। इस प्रस्ताव को विचारार्थ स्वीकार किया गया। बैठक में जिलाधिकारी संजय खत्री, पीडीए सचिव दयानंद प्रसाद, एडीएम कौशाम्बी मनोज, अपर नगर आयुक्त रत्न प्रिया सदस्य राजेंद्र मिश्र, सदस्य रणजीत सिंह आदि मौजूद रहे।
पहले बने हैं मकान या प्रतिष्ठान तो नहीं होगा ध्वस्तीकरण
पीडीए महायोजना 2031 के प्रस्ताव को तैयार कर रहा है। इससे पहले बने भवनों यानी मकान या प्रतिष्ठानों पर नई योजना के तहत शमन या ध्वस्तीकरण नहीं किया जाएगा। शासन ने सिके लिए नगर योजना एवं विकास अधिनियम -1973 की धारा 16 के तहत उपविधि बनाई है। उपविधि के प्रभावी होने से महायोजना लागू होने से पूर्व निर्मित भवनों के स्वामी पीडीए में निर्धारित प्रारूप में आवेदन कर पार्क, खुले स्थल आदि के उपयोग को जारी रखने की अनुमति प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए मानचित्र की पूर्व में स्वीकृति जरूरी होगी।