शहर के बेहद घनी आबादी वाले इलाके भुजपुरा में इंडिया मार्का हैंडपंप पर पानी भरने को लेकर स्थानीय लोगों, जिनमें महिलाएं भी शामिल हैं, उनमें विवाद हो गया। जिसके बाद मौके पर पार्षद ने पहुंच कर मामला शांत कराया।
भुजपुरा इलाके में पानी की आपूर्ति लंबे समय से अव्यवस्थित चल रही है। यहां पर पानी के आने का समय भी बहुत कम है। इसके अलावा ऐसे इलाके भी हैं जहां पर नगर निगम की पाइप लाइन भी नहीं है। इसके चलते एक बड़ी आबादी पानी के लिए इंडिया मार्का हैंडपंप पर निर्भर है।
आबादी के घनत्व को देखते हुए हैंडपंपों की संख्या भी बहुत कम है। इसी के चलते यहां पर पहले पानी भरने को लेकर अक्सर विवाद हो जाता है। मंगलवार को भी यही हुआ। एक महिला हैंडपंप से अपने बर्तन में पानी भर रही थी। एक अन्य महिला ने बर्तन भरने से पहले ही उसे हटाने का प्रयास किया। इसी के चलते विवाद हो गया।
आवास विकास कालोनी में तीसरे दिन भी पानी नहीं
आवास विकास कालोनी, जेल रोड में तीसरे दिन भी पानी नहीं आया। जबकि नई बस्ती टैंकरों पर ही निर्भर है। पला रोड, डोरी नगर, सराय रहमान, रसलगंज आदि में भी पानी का संकट बरकरार है। सुरेंद्र नगर में पानी की नई टंकी का निर्माण हो रहा है। नई बस्ती में पंजाबी क्वार्टर स्थित नलकूप पर काम चल रहा है।
रमजान में क्या होगा?
कुछ दिनों बाद रमजान शुरू होंगे। शहर इन दिनों जबरदस्त पेयजल संकट की चपेट में है। ऐेसे में विचारणीय प्रश्न यह है कि रमजान में किस प्रकार व्यवस्था बनाई जाएगी, जिससे लोगों को समय पर पानी उपलब्ध कराया जा सके। हालांकि नगर निगम की दलील है कि हम नलकूपों को पूरी क्षमता से चलाकर, ट्यूबवेलों पर जेनरेटर रखवा कर, पानी के टैंकर उपलब्ध करा कर पानी आपूर्ति की मांग को पूरा कर लेंगे।
सरकारी हैंडपंप में सबमर्सिबल ठोंका
बुद्ध विहार आंबेडकर पार्क के पास गली नंबर एक में सरकारी नल में सबमर्सिबल पंप लगाने की शिकायत मिलने पर डीएम ने नगर आयुक्त को जांच कर सख्त कार्रवाई करने को कहा है। शिकायतकर्ता ने फोटो सहित डीएम को इसकी लिखित शिकायत मंगलवार को की है।
जिसमें बताया गया कि बुद्ध विहार आंबेडकर पार्क के पास गली नंबर-1 में सरकारी नल में सबमर्सिबल पंप लगा दिया गया है, जिससे अनावश्यक भूजल दोहन हो रहा है। स्थानीय लोग भी बिजली के करंट के डर से हैंडपंप का प्रयोग नहीं कर पा रहे हैै। गौर हो कि सरकारी हैंडपंप का इस तरह सबमर्सिबल का प्रयोग वर्जित है, इन्हीं वजहों से इतनी भीषण गर्मी में पेयजल की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है।
‘पेयजल कंट्रोल रूम बनाया है जो 24 घंटे काम कर रहा है। जल कल विभाग के प्रभारी सहित सभी अधिकारियों के मोबाइल नंबर सार्वजनिक किए गए हैं। नलकूप पूरी क्षमता से चलाए जा रहे हैं। जो खराब हैंडपंप हैं उन्हें युद्ध स्तर पर सही कराया जा रहा है’
- सत्य प्रकाश पटेल, नगर आयुक्त
‘पिछली बार गर्मियों में यही समस्या हुई थी। इस बार हालत यह है कि चार चार दिन तक पाइपों में पानी नहीं आता है। हैंडपंप खराब पड़े हैं. जो सही हैं उन पर आबादी का बहुत दबाव है। अधिकारियों की स्थिति यह है कि फोन नहीं उठाते हैं। भुजपुरा में तीन वार्ड हैं। प्रत्येक की आबादी 10 से 15 हजार के बीच है। इस तरह 40 हजार से ज्यादा आबादी को इलाके में पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है’
- हफीज अब्बासी, पार्षद, भुजपुरा वार्ड संख्या 55