अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) में कोर्ट सदस्य के 50 से ज्यादा पद रिक्त हैं। वहीं, कार्यकारी परिषद (ईसी) सदस्य के सात पद रिक्त हैं। साथ ही चांसलर, प्रो वाइस चासंलर व मानद कोषाध्यक्ष पद भी रिक्त चल रहा है। हालांकि, ईसी की बैठक करने के लिए केवल 15 सदस्य होने चाहिए। विवि में 193 कोर्ट सदस्य पद हैं। इनमें 108 पद रिक्त हैं। रिक्त पदों पर चुनाव कराने के लिए लगातार मांगें उठ रही हैं। इसी तरह विवि में 28 ईसी सदस्य हैं, जिनमें सात पद रिक्त हैं।
ऐसे चुने जाते हैं कोर्ट सदस्य
पूर्व कुलपति आजीवन कोर्ट सदस्य होते हैं। सभी डीन, सेंटर के निदेशक, डीएसडल्यू, लाइब्रेरियन, रजिस्ट्रार, प्रॉक्टर, पांच प्रोवोस्ट कोर्ट सदस्य होते हैं। 20 विभागाध्यक्ष वरिष्ठता के आधार, एक कोआर्डिनेटर, सभी कॉलेज के प्राचार्य कोर्ट सदस्य होते हैं। प्रोफेसर 2, एसोसिएट प्रोफसर 3, असिस्टेंट प्रोफेसर 5, गैर शिक्षण कर्मी 5, पूर्व छात्र 25, इंडस्ट्री व वाणिज्य से 10, लोकसभा से छह, राज्यसभा से 4 सदस्य, मुस्लिम सांस्कृतिक व अधिगम से 15, मुस्लिम कॉलेज ओरिएंटल अधिगम से 6, वक्फ बोर्ड से 4 उर्दू भाषा व साहित्य से 2, मुस्लिम शिक्षा व सांस्कृतिक सोसाइटी से 5, छात्र संघ से 4, विभिन्न संकाय से 11 विद्यार्थी कोर्ट सदस्य चुनाव के जरिये चुने जाते हैं। इसके अलावा विजिटर नॉमिनी, चीफ रेक्टर व चांसलर नॉमिनी 1-1 कोर्ट सदस्य होते हैं। डीन का कार्यकाल दो साल का होता है। निर्वाचित सदस्य का कार्यकाल तीन साल का होता है।
ऐसे चुने जाते हैं ईसी सदस्य
पांच डीन ईसी सदस्य होते हैं, जिन्हें वरिष्ठता के आधार पर चयन किया जाता है। सेंटर के निदेशकों में से एक निदेशक वरिष्ठता के आधार पर ईसी सदस्य चुने जाते हैं। दो कॉलेज के प्राचार्य वरिष्ठता के आधार और वीमेंस कॉलेज की प्राचार्या ईसी सदस्य चुने जाते हैं। वरिष्ठता के आधार पर एक प्रोवोस्ट ईसी सदस्य के लिए चुने जाते हैं। प्रॉक्टर सदस्य होते हैं। चुनाव के जरिये प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर से दो-दो और असिस्टेंट प्रोफेसर से दो-दो ईसी सदस्य चुने जाते हैं। यूनिवर्सिटी के कर्मचारियों में से छह सदस्य ईसी सदस्य के लिए चुनाव के जरिये चुने जाते हैं। तीन सदस्य विजिटर के प्रतिनिधि होते हैं। एक चीफ रेक्टर का प्रतिनिधि होता है। निर्वाचित सदस्यों का कार्यकाल तीन साल का होता है।