अनुपूरक बजट से गन्ना किसानों को लगा झटका
साथा चीनी मिल की नई यूनिट की आस पूरी न होने से किसानों में नाराजगी
शुक्रवार को बैठक कर आंदोलन की बनेगी रणनीति, भाजपा के खिलाफ गुस्सा
अमर उजाला ब्यूरो
अलीगढ़। प्रदेश सरकार के अनुपूरक बजट में साथा चीनी मिल की नई यूनिट के लिए बजट की आस बेमानी साबित होने से किसानों के तेवर तल्ख हो गए हैं। उन्होंने उग्र आंदोलन की चेतावनी जारी की है। आंदोलन की रणनीति शुक्रवार को होने वाली साथा चीनी मिल संघर्ष समिति की बैठक में तैयार की जाएगी। किसानों ने एलान किया है कि झूठी घोषणा करने वाले प्रभारी मंत्री और भाजपा नेताओं को आइना दिखाया जाएगा।
साथा चीनी मिल संघर्ष समिति के अध्यक्ष एवं भाकियू भानु के प्रदेश महासचिव डा.शैलेंद्र पाल सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार के अनुपूरक बजट से अलीगढ़ के किसान बहुत उम्मीदें लगाए बैठे थे। उम्मीद की जा रही थी कि साथा चीनी मिल की नई यूनिट के लिए प्रभारी मंत्री एवं गन्ना मंत्री सुरेश राणा द्वारा किया गया वायदा पूर्ण होगा, लेकिन अनुपूरक बजट से अलीगढ़ के किसानों को फिर मायूसी हुई, जब पता चला कि बजट में एक रुपया भी चीनी मिल के लिए नहीं रखा गया। सरकार ने फिर से आश्वासन का लॉलीपॉप अलीगढ़ के किसानों को दिया है। इसके विरोध में शुक्रवार दोपहर में मीटिंग कर जोरदार आंदोलन की तैयारी की जाएगी और प्रभारी मंत्री एवं अलीगढ़ के इन नेताओं को किसान आइना दिखाएंगे।
यह आंदोलन जब तक चलेगा तब तक कि चीनी मिल की घोषणा नही होती। किसान नेता रॉबी ठाकुर ने कहा कि प्रभारी मंत्री अलीगढ़ के किसानों को पिछले 5 साल से धोखा दे रहे हैं। लेकिन अब किसान चुप नहीं बैठेगा। देश के प्रधानमंत्री किसान की दोगुनी आय की बात करते है, लेकिन किसान की समस्याओं की तरफ न तो यहां के स्थानीय नेता और न ही सरकार ध्यान देती है। साथा चीनी मिल की नई यूनिट की घोषणा नहीं की गई तो अलीगढ़ का किसान सरकार को अपनी वोट की ताकत से जवाब देगा।
साथा मिल के नाम पर सीएम ने अलीगढ़ को जीरो पर आउट किया
अलीगढ़। पूर्व सांसद व सपा नेता चौ.बिजेंद्र सिंह ने कहा है कि मैने जो पहले कहा था, वह सत्य साबित हुआ। साथा चीनी मिल और विकास के नाम पर मुख्यमंत्री ने अलीगढ़ को जीरो पर आउट किया। इसका जवाब किसान एवं जनता 2022 के विधानसभा चुनावों में देगी।