जीएसटी कार्यालय में कब से भ्रष्टाचार चल रहा है, यह अपने आप में सवाल है, लेकिन मारपीट के बाद राज्यकर अधिकारी बृहस्पतिवार को फट पड़े। वे खुलकर बोले कि अफसर पहले छापा मारते हैं, खुद भ्रष्टाचार करते हैं, फिर हमसे गलत रिपोर्ट लगवाते हैं। बात न मानने पर मारपीट की गई है।
राज्यकर अधिकारी एमपी सिंह की मानें तो जिले में हाल में अचल ताल की एक मोबाइल शॉप, बरला क्षेत्र के एक ईंट भट्ठा व रामघाट रोड की एक ट्रांसपोर्ट को नोटिस भेजा व छापा मारा गया। गलत नोटिस देकर उनसे मोटी रकम की डिमांड की गई। डिमांड पूरी नहीं होने पर हम पर गलत रिपोर्ट बनाने का दबाव बनाया। इसी खुन्नस में मारपीट की गई।
उन्होंने आरोप लगाया कि शहर में आए दिन ट्रांसपोर्टरों पर छापे के बाद इंगट यानि पीतल की सिल्ली के कारोबारियों से मासिक वसूली तय की जा रही है। आए दिन गलत नोटिस भेजे जा रहे हैं। उन पर गलत रिपोर्ट लगवाने के लिए हमारे पास एक दर्जन से अधिक फाइलें पड़ी हैं। मैंने इस खेल में शामिल होने से मना किया तो हमलावर हो गए। उन्होंने कहा कि अगर मामले में पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो वे ऊपर तक जाएंगे।