अलीगढ़ दीवानी में अवैध रूप से घुसकर फरार शूटर को उठाकर ले जाने के मामले में नोएडा पुलिस टीम पर कार्रवाई के बाद अब यूपीएसएसएफ के छह सिपाही निलंबित कर दिए गए। यूपीएसएसएफ के सेनानायक ने यह कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर की है।
रिपोर्ट में दीवानी सुरक्षा संभाल रही टीम के इन जवानों की लापरवाही मानी गई है। सेनानायक द्वारा की गई इस कार्रवाई से जिला जज को भी अवगत कराया जा रहा है। यह प्रकरण 30 अक्तूबर का है। ग्रेटर नोएडा के सैंथली गांव में हुए दोहरे हत्याकांड के आरोपी दो शूटर सचिन गुर्जर व बॉबी तोंगड़ा उर्फ पहलवान यहां किसी अन्य मुकदमे में सरेंडर करने आए थे। उन्हें पकड़ने आई नोएडा पुलिस वकीलों से खींचतान कर सचिन को ले जाने में सफल रही।
इसी मामले में दि अलीगढ़ बार एसोसिएशन द्वारा जिला जज को यूपी हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के नाम ज्ञापन दिया गया था। इसमें जांच के आधार पर जिला जज ने पुलिस की इस कार्रवाई को दीवानी सुरक्षा में गंभीर चूक संकेत करार दिया था। साथ में दीवानी सुरक्षा संभाल रही यूपीएसएसएफ की लापरवाही माना था। इसी क्रम में नोएडा पुलिस टीम पर पहले कार्रवाई की जा चुकी है। अब यूपीएसएसएफ 4वीं वाहिनी के सेनानायक डा. राम सुरेश यादव ने छह सिपाही ज्ञानेंद्र, अमरीश, विजय, सचिन, राकेश, अमन प्रकाश को निलंबित कर दिया है।
सादा कपड़ों में हथियारधारकों का प्रवेश लापरवाही
एसएसएफ के सेनानायक डॉ. राम सुरेश यादव ने इस मामले में जिला जज के आदेश पर सहायक सेनानायक धर्मेंद्र यादव से जांच कराई थी। इसमें माना गया है कि जब एसएसएफ को सुरक्षा की कमान है तो सादा कपड़ों में कोई भी व्यक्ति या पुलिसकर्मी हथियार लेकर कैसे प्रवेश कर गया। सेनानायक ने बताया कि यूपीएसएसएफ एक अनुशासित, जिम्मेदार और उच्च आदर्शों से प्रेरित बल है। ड्यूटी के दौरान किसी भी स्तर पर लापरवाही, उदासीनता या नियमों की अवहेलना स्वीकार नहीं है। ऐसे प्रत्येक मामले में सुनिश्चित किया जाएगा कि ऐसी पुनरावृत्ति न हो।