कूड़े और गंदगी से अटी पड़ी नालियों से छटपटा रहे शहर को स्वच्छ सर्वेक्षण 2018 का बेस्ट प्रैक्टिस व इनोवेशन का पहला पुरस्कार मिला है। केन्द्रीय मंत्री व नगर विकास मंत्री के कर कमलों से नगर आयुक्त ने यह सम्मान प्राप्त किया। इस पुरस्कार की जानकारी मिलने पर शहर की संस्थाओं ने बेहद हैरानी जताई है कि यह कौन सी स्वच्छता का सर्वेक्षण है जिसमें आधा शहर गंदगी के चलते त्वचा रोग, श्वांस रोग आदि से ग्रसित हैं और पुरस्कार प्राप्त कर रहा है।
मलखान सिंह जिला अस्पताल के आयुष विभाग के डॉ. ताजुद्दीन कहते हैं कि शहर में फैली गंदगी, लगातार जहरीली हो रही हवा और प्रदूषित भूजल के चलते शहर के लोगों में इंफेक्शन और त्वचा रोगों के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। उनके यहां आयुष विभाग में फंगल, खुजली, एग्जीमा, रैशेज आदि की समस्या के प्रतिदिन 500 से 600 मरीज आते हैं। एक अनुमान के मुताबिक प्रत्येक दस में एक व्यक्ति त्वचा रोग का, बीस में एक व्यक्ति श्वांस का और 25 में एक व्यक्ति किसी न किसी तरह के संक्रमण का शिकार है।
(स्रोत: यह आंकड़े जिला अस्पताल में प्रतिदिन आने वाले कुल मरीजों में से निकाला गया एक प्रतिशत है)। यह तो रही शहर की आबो हवा की हालत। अब जब शनिवार को स्वच्छता सर्वेक्षण में 2018 का बेस्ट प्रैक्टिस व इनोवेशन का पहला पुरस्कार मिलने की जानकारी शहर की संस्थाओं को हुई तो उन्हें बड़ी हैरानी हुई। शहर की नागरिक चेतना समिति के विधिक सलाह कार राम कृष्ण तिवारी एडवोकेट, व्यापार संगठन के अनुराग गुप्ता, पर्यावरण सुरक्षा समिति ‘हरीमिता’ आदि ने इस पर हैरानी जताई है।
पूर्व और वर्तमान नगर आयुक्त ने ग्रहण किया पुरस्कार
इंदौर में हुए एक भव्य आयोजन में अलीगढ़ को स्वच्छ सर्वेक्षण 2018 बेस्ट प्रैक्टिस व इनोवेशन का पहला पुरस्कार दिया गया है। वर्तमान नगर आयुक्त सत्य प्रकाश और तत्कालीन नगर आयुक्त संतोष कुमार शर्मा को केन्द्रीय शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह पुरी व नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना ने संयुक्त रूप से पुरस्कार दिया। तत्कालीन नगर आयुक्त संतोष कुमार शर्मा ने इस पुरस्कार को अलीगढ़ शहर वासियों को समर्पित किया है। सामाजिक संस्था आजाद फाउंडेशन से शाजिया सिद्दीकी ने इस सम्मान के लिये नगर आयुक्त संतोष कुमार शर्मा, नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल सहित पूरे नगर निगम परिवार को बधाई दी। महापौर मो. फुरकान, उप सभापति पुष्पेंद्र जादौन, विधिक न्यायिक प्राधिकरण की पीएलबी निधि शर्मा ने नगर निगम को इसके लिए बधाई दी है। मीडिया प्रभारी डॉ संजीव कुमार ने सभी का आभार व्यक्त किया है। निगम की ब्रांड एंबेसडर व सिने बाल कलाकार हिमाद्री धीरज ने सभी को बधाई दी है।
सफाई नहीं हुई तो नौकरी से हाथ धोएंगे: मंडलायुक्त
मंडलायुक्त अजय दीप सिंह ने कहा है नगर निगम में स्थायी, अस्थायी या संविदा पर कार्यरत सफाई कर्मी घर में बैठ कर तनख्वाह नहीं ले पाएंगे। उनको अपने निर्धारित कार्यक्षेत्र में जाकर तयशुदा समय तक ड्यूटी के अनुसार सफाई करनी होगी। अन्यथा शासन स्तर से उनकी सेवाएं निरस्त करा दी जाएंगी।
इस मामले में कोई भी कोताही नहीं बरती जाएगी क्योंकि इससे केंद्र सरकार का स्वच्छ भारत मिशन पूरा नहीं हो रहा है और स्मार्ट सिटी में चयनित अलीगढ़ की छवि खराब हो रही है। इसलिए उन्होंने खुद वार्ड वार निरीक्षण शुरू किया है। वार्डवार निरीक्षण में सफाई कर्मियों का मौके पर सत्यापन हो रहा है।
शहर के हालात
- नाले और नालियां प्लास्टिक के गिलास, पालीथिन, दोनो, कूड़े से अटे पड़े हैं।
- सड़कों के किनारे जबरदस्त अतिक्रमण है।
- हर मुख्य बिंदु पर कूड़े की डंपिंग है, अधिकांश जगह पर कचौड़ी की ढकेल है
- शहर की सड़कों के किनारों पर डस्ट की गंभीर समस्या है, स्वीपिंग मशीन चलती नहीं