शुद्ध पेयजल का टोटा
स्मार्ट सिटी योजना के तहत कॉलेज में 2017-18 में आरओ और चिलर प्लांट लगाया गया था। इससे 200 लीटर प्रति घंटा पानी मिलता था। देखरेख के अभाव में 2022 में खराब हो गया। उसके बाद से अभी तक इसे ठीक नहीं कराया गया। सफाई व्यवस्था भी बदहाल है। क्लास रूम में धूल और कूड़े जमा थे। हाल ही में बने शौचालय के रास्ते में झाड़ियां उग आई हैं। दूसरे शौचालय पर ताला लटका है। इससे छात्र को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
खेल मैदान में जलभराव, उगी घास
कॉलेज के खेल मैदान में जलभराव हो गया है। पानी से बदबू आ रही है। मच्छर पनपने लगे हैं। प्रधानाचार्य कक्ष के सामने बास्केटबॉल कोर्ट है, जहां बड़ी-बड़ी घास उग आई है।
प्रयोगशाला सहायक नहीं
कॉलेज में प्रयोगशाला सहायक के चार पद रिक्त हैं, जो लंबे समय से खाली है। भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान और जीव विज्ञान के शिक्षकों ने कहा कि प्रयोगशाला सहायक के न होने से काफी दुश्वारी होती है। उन्हें खुद ही सामान उठाना पड़ रहा है।