चोरों की करतूत से व्यथित सेवानिवृत्त इंजीनियर की शुक्रवार रात हृदयाघात से मौत हो गई। वह घर में हुई चोरी और उसके बाद मामले में पुलिस से उचित मदद न मिलने से व्यथित थे। चोरी हुए करीब दस लाख के सामान में से बेटी द्वारा रखवाए जेवर थे। अनुमान लगाया जा रहा है कि अवसाद के चलते उनकी मौत हुई है।
बन्ना देवी थाने के नई बस्ती निवासी सेवानिवृत्त इंजीनियर मो. मुशीर के घर में ही प्रिंटिंग प्रेस थी। उसे वे और उनका बेटा मो.शाहनवाज चलाता था। दो फरवरी को वे किसी शादी समारोह में शामिल होने के लिए परिवार समेत छर्रा गए थे। लौटने पर प्रेस के गेट का ताला खुला मिला। अंदर जाकर देखा तो सारा सामान बेतरतीब था। चोर घर में रखे 17 तोले सोने के जेवर, 600 ग्राम चांदी के जेवर समेत करीब दस लाख रुपये का सामान चुरा ले गए थे। इसमें उनकी विवाहिता बेटी द्वारा रखवाया गया जेवर भी शामिल था। दरअसल उनकी बेटी कही बाहर गई थीं और जाते समय अपना जेवर पिता के घर रखवा गईं थीं। घटना की रिपोर्ट दर्ज हुई, छानबीन भी की गई। उनके बेटे शहनवाज ने बताया कि चोरी के बाद से ही उनके पिता काफी तनाव में थे और रोजाना पुलिस के पास जाते थे। उन्होंने कुछ संदिग्ध लोगों के नाम भी पुलिस को बताए थे, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। दो तीन दिन से अवसाद इस कदर बढ़ गया कि उन्होंने परिजनों से भी बात करना बंद कर दिया। शुक्रवार रात्रि उनकी हृदयाघात से मौत हो गई।
पिता के दोस्त के बेटे पर जताया संदेह
मृतक के बेटे शहनवाज ने चोरी के मामले में अपने पिता के एक जिगरी दोस्त के बेटे पर संदेह जताया है। उसने बताया कि वह अकसर घर आया करता था। इस वजह से वह घर की पूरी लोकेशन से परिचित था। शादी में शामिल होने के दौरान उसका फोन पिता के फोन पर आया था। घटना के बाद से ही उसका आना-जाना कम हो गया है।
पीएम एवं सीएम पोर्टल पर शिकायत
मृत अभियंता के पुत्र शहनवाज ने घर में हुई चोरी का परदाफाश करने में पुलिस द्वारा रुचि न लेने एवं इसी सदमे में पिता की मौत की शिकायत प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री पोर्टल पर की है।