बदमाशों के जाने के बाद नेहा ने कमरे के जंगले पर रखा कूलर पीछे गिराया। फिर जंगले से बाहर निकलकर पहले सुनीता को बंधन मुक्त किया। फिर छत पर जाकर ओम को बंधन मुक्त किया। तब सिक्योरिटी गार्ड व पुलिस को सूचना दी।
क्या कोई करीबी या बाहरी था साथी बदमाश
बदमाश जब घर में घुसे तो उन्होंने सुनीता को दरवाजा खुलवाने के लिए यह कहते हुए धमकाया कि छत पर सो रहे ओम को मार दिया है। हमें मालूम है कि घर में अजय व उसके बच्चे नहीं हैं। वे बंगलुरु गए हैं। अगर दरवाजा खोलकर घर में रखा माल नहीं दिया तो तुमको भी मार देंगे। हमें तुम्हारे घर के माल की पूरी जानकारी है। जाते समय दोनों बदमाशों में से एक ने छत पर निगरानी के लिए खड़े अपने साथी को यह कहते हुए पुकारा कि अमित दरवाजा खोल, हम आ रहे हैं।
महिला के मुंह लगाया चाकू, धमकाया
बिलखते हुए सुनीता ने बताया कि बदमाशों ने उसके मुंह पर चाकू लगा दिया था, जिससे वह बेहद दहशत में आ गईं और अलमारी की चाभी दे दी। मारपीट में सुनीता, नेहा और ओम के चोट आई है। बदमाश करीब दो बजे बजे घर में प्रवेश किए और तीस मिनट में वारदात कर भाग गए।
बंधक बनाकर चोरी में लिखा लूट का मुकदमा
इस घटना में पुलिस ने लूट का मुकदमा बंधक बनाकर चोरी की धाराओं में दर्ज किया है। यह हैरान करने वाली बात है। मुकदमे में गौर करें तो तहरीर में उल्लेखित है कि सोते समय आए नकाबपोश बदमाशों ने उन्हें चाकू के बल पर बंधक बना दिया। फिर जेवरात चोरी कर धमकाते हुए भाग गए।