पाकिस्तान से पंजाब एवं राजस्थान की ओर आए टिड्डी दल ने शनिवार शाम जिले के बुलंदशहर बार्डर से जनपद में एंट्री कर दी। बुलंदशहर के अरनियां गांव की ओर से अचानक आए टिड्डी दल ने मढ़ौला समेत आधा दर्जन गांवों में धावा बोलकर मक्का, ज्वार, कपास, अरहन एवं धान की पौध को निशाना बनाया। जवां क्षेत्र में भी टिड्डी दल देखे गए।
पाकिस्तान से पंजाब, हरियाणा एवं राजस्थान की ओर से टिड्डी दल के हमले की आशंका लंबे समय से जताई जा रही थी। प्रशासन ने भी इसके मद्देनजर हाई अलर्ट घोषित किया था। लेकिन शनिवार की शाम साढ़े पांच बजे बुलंदशहर के कगांव अरनियां की ओर से टिड्डी दल ने हमला बोलकर सभी इंतजामों को धता बता दिया।
ग्रामीणों के अनुसार टिड्डी दल ने गभाना बार्डर के गांव मढौला, बलवंत नगलिया, भूपाल नगलिया, रनियावली, पाहवटी में जमकर उत्पात मचाया। करीब 70 किमी की रफ्तार से अचानक आए टिड्डी दलों ने मक्का, ज्वार, कपास, अरहर, धान की पौध को खासा नुकसान पहुंचाया।
इसके बाद बरौली होते हुए जवां के गांव बहादुरपुर कोटा आदि के अलावा अतरौली के भी कई गांवों की ओर रुख किया है। टिड्डी दल तेजी से अन्य क्षेत्रों की तरफ बढ़ रहे हैं। इससे किसानों में हाहाकार मचा हुआ है। टिड्डी दल के हमले की सूचना पर जिला प्रशासन ने एक बार फिर हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। जिला कृषि अधिकारी विनोद कुमार ने किसानों को अपने खेतों के आसपास धुआं करने, थाली बजाकर आवाज करने को कहा गया है।
पीछा कर रही हैं कृषि व उद्यान टीमें
टिड्डी दल के आगमन की सूचना पाते ही कृषि विभाग की टीमें सक्त्रिस्य हो गई। जिला कृषि अधिकारी विनोद कुमार एवं जिला उद्यान अधिकारी एनके सहानियां ने कृषि टीमों के साथ टिड्डियों का पीछा करना शुरू कर दिया है। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि अंधकार होते ही टिड्डियां नीचे खेतों में बैठने लगती हैं। इनके बैठते ही वहां दवाओं का छिड़काव कराया जाएगा।