गांव नौरथा में तेज सिंह के घर के निकट लगा ट्रांसफार्मर कुछ दिन पहले फुंक गया था। 10 दिन पहले ही ट्रांसफॉर्मर बदलकर रखा गया था। गांव के पूर्व प्रधान रामगोपाल, उपेंद्र ठाकुर आदि ने बताया कि लगने के बाद से ही आए दिन ट्रांसफार्मर चिंगारी दे रहा था। गांव में जब भी बिजली कर्मचारी आते तो ट्रांसफॉर्मर की यह खामी उन्हें बताई जाती। इसके बाद भी बिजली विभाग ने कोई ध्यान नहीं दिया और हादसा हो गया। पूर्व प्रधान जयप्रकाश चौहान, गोपाल सिंह आदि ने बताया कि गांव में आबादी के बीच लगे ट्रांसफॉर्मर व घरों की छत से गुजर रही विद्युत लाइनों को हटाने के लिए भी कई बार शिकायत की गई, लेकिन विभाग ने कोई कार्य नहीं किया।
बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता लक्ष्मी शंकर ने बताया कि जो ट्रांसफॉर्मर फटा है, वह कुछ दिन पहले ही लगाया गया था। इसके कारणों का पता लगाया जाएगा। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।-लक्ष्मी शंकर, अधिशासी अभियंता, बिजली विभाग
घरेलू कनेक्शन और नलकूप की लाइनें अलग करने का काम तीन साल पहले विभाग ने किया था। हमने तभी कहा था कि छतों से गुजर रही लाइनें व ट्रांसफॉर्मर को आबादी से हटाकर दूर शिफ्ट किया जाए। लेकिन सुनवाई नहीं हुई।- हरदेश कुमार, प्रधान
-यह हादसा बिजली विभाग की लापरवाही के कारण हुआ है। ग्रामीणों द्वारा ट्रांसफॉर्मर में खराबी की शिकायत किए जाने के बाद भी ध्यान नहीं दिया गया। किसान परिवार को तत्काल शासन से सहायता राशि दी जाए।- डॉ. पुष्पेंद्र लोधी, जिपं सदस्य
दस दिन पहले ही ट्रांसफॉर्मर बदला गया था। कोई तकनीकी कमी के चलते यह दुखद घटना हुई है। मैंने हाल ही में चार्ज संभाला है।-आशीष यादव, जेई।