मंडी समिति में करदा काटकर अनाज की तौल किए जाने के विरोध में शुक्रवार को भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने मंडी पहुंचकर विरोध जताया। इस पर दोपहर तक हंगामा चला। बाद में एसडीएम की मौजूदगी में तय हुआ कि अनाज साफ-सुथरा होगा तो करदा नहीं कटेगा।
करदा काटने को लेकर शुक्रवार को दोपहर तक मंडी समिति में भारतीय किसान यूनियन और व्यापारियों के बीच हंगामा व विरोध का दौर चलता रहा। इसके चलते मंडी समिति में किसानों के अनाज की तौल नहीं हुई। इससे तमाम किसानों को अपने अनाज के साथ लौटना पड़ा। गल्ला व्यापारी संगठन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता ने कहा कि व्यापारी करदा न काटने के लिए तैयार हैं, लेकिन शर्त यह है कि किसान साफ अनाज लाए ताकि व्यापारियों का भी नुकसान न हो।
इस खींचतान की खबर पाकर उपजिलाधिकारी अतरौली अनिल कटियार और मंडी सचिव वीरेंद्र कुमार चंदेल मंडी समिति में पहुंच गए। उन्होंने भाकियू के कार्यकर्ताओं और व्यापारियों को बिठाकर बात की। भाकियू के कार्यकर्ताओं और व्यापारियों ने अपनी-अपनी समस्याएं रखीं। भाकियू तहसील अध्यक्ष जगदीश यादव ने कहा कि व्यापारी प्रत्येक किसान के अनाज से करदा ले रहे हैं। यह नियमानुसार गलत है। वहीं मंडी के गल्ला व्यापारी अध्यक्ष मुकेश गुप्ता ने कहा कि अनाज में गंदगी होने के चलते करदा काटा जाता है। अनाज साफ होगा तो करदा नहीं काटा जाएगा।
अनाज में गंदगी हुई तो सहमति से कटेगा करदा : एसडीएम
उपजिलाधिकारी अनिल कटियार ने कहा कि किसान ज्यादा से ज्यादा साफ अनाज लाएं ताकि नियमानुसार तौल हो सके। अनाज मेें गंदगी होने पर तो व्यापारी और किसान दोनों की सहमति से ही करदा काटा जा सकता है। सहमति पत्र पर व्यापारी और किसानों के हस्ताक्षर के साथ मोबाइल नंबर अंकित कर कार्यालय में जमा होंगे। बैठक में वरिष्ठ लिपिक सुनील कुमार, ग्रीश गुप्ता मोनू, राजीव गुप्ता, विनीत कुमार गुप्ता, सुशील गुप्ता, शिव कुमार, अवनेश पाठक, चंद्रपाल, राजू गुप्ता, रामअवतार, दाताराम, अर्जुन सिंह मौजूद रहे।