आनन-फानन नीचे जाकर देखा तो पहिये की चपेट में आकर घायल अनन्या सांसें ले रही थी। इस पर वह अनन्या को बस में बैठाकर तेजी से उसके पिता के पास मलसई चौराहे पर लेकर पहुंचा। तब तक बच्ची की मृत्यु हो गई। बच्ची का शव देख वहां भीड़ जमा हो गई। उत्तेजित भीड़ ने चालक को पकड़कर पीटना शुरू कर दिया और बस में तोड़फोड़ करते हुए मलसई चौराहे पर अलीगढ़-कासगंज रोड पर जाम लगा दिया।
सूचना पर गंगीरी पुलिस व सीओ छर्रा संजीव तोमर आदि पहुंच गए। पूरा मसला समझने के बाद लोगों को समझाकर शांत किया। एक घंटे के प्रयास में जाम खुल सका। चूंकि दुर्घटना ढोलना में हुई थी। इसलिए वहां से पुलिस बुला ली गई। बाद में ढोलना पुलिस बच्ची का शव, बस चालक व बस को अपने साथ ले गई। आगे की कार्रवाई वहीं की जा रही है।
बच्ची बस में जिस सीट पर सवार थी, उस जगह फर्श टूटा हुआ था। वहीं से बच्ची चलती बस से नीचे गिरी और सीधे पहिये के चपेट में आ गई, जिससे उसकी मौत हो गई। गुस्साए लोगों ने हंगामा किया था। उन्हें समझाकर शांत किया गया है। बाकी कार्रवाई कासगंज में कराई जा रही है। - संजीव तोमर, सीओ छर्रा
तो बिना फिटनेस चल रही थी बस
रोजाना 40 स्कूली बच्चों को लेकर दौड़ने वाली इस बस की हालत इतनी खस्ता थी कि खुद देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि वह बिना फिटनेस के दौड़ रही थी। यह बात खुद सीओ ने स्वीकारी है। बाकी जांच कासगंज में पुलिस द्वारा कराई जाएगी। साथ में इलाके में ऐसी बसों को लेकर अब चेकिंग अभियान शुरू कराया जाएगा।
होली से पहले परिवार में मचा कोहराम
रवि कुमार के दो बच्चों में एक बेटे के अलावा एक बेटी थी। होली को लेकर उनकी मां घर में गुझिया आदि बनाने में व्यस्त थीं। जब दोपहर में उन्हें इस घटना की जानकारी हुई तो पैरों तले जमीन खिसक गई। परिवार में कोहराम मच गया। खुद यजत भी अपनी बहन की मौत पर अवाक था। वह कुछ बोल नहीं पा रहा था।