यह घटना औद्योगिक क्षेत्रों में फायर सेफ्टी के महत्व को रेखांकित करती है। प्लास्टिक जैसे ज्वलनशील पदार्थों के भंडारण वाले गोदामों में विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है, और सभी संबंधित नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए ताकि जान-माल की हानि से बचा जा सके।
अलीगढ़ में हरदुआगंज के तालानगरी सेक्टर दो स्थित एक प्लास्टिक के कबाड़ गोदाम में 23 जून पूर्वाह्न करीब 11 बजे भीषण आग लग गई। आग की सूचना मिलते ही फायर बिग्रेड की चार दमकलें मौके पर पहुंचीं और लगभग 35 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। इस घटना में गोदाम स्वामी को लगभग 70 से 80 हजार रुपये के नुकसान का अनुमान है।
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शॉर्ट सर्किट से लगी आग
घटना तालानगरी सेक्टर दो में जीएसटी कार्यालय के निकट हुई, जहां शाहजमाल निवासी मोहम्मद चमन का प्लास्टिक कबाड़ का गोदाम है। गोदाम मालिक के बेटे रिजवान ने बताया कि वह तालानगरी क्षेत्र की फैक्ट्रियों से निकले प्लास्टिक के कबाड़ को खरीदते हैं और उसे अलग-अलग करके बेचते हैं। 23 जून सुबह करीब 11 बजे, गोदाम के पीछे बने एक कमरे में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। प्लास्टिक सामग्री होने के कारण आग तेजी से फैली।
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35 मिनट के बाद आग पर पाया काबू
आग की लपटें उठते देख आसपास के लोगों ने तुरंत गोदाम मालिक को सूचना दी। सूचना मिलते ही दमकल विभाग को अलर्ट किया गया। सीओ फायर बिग्रेड के नेतृत्व में तालानगरी, अतरौली और बन्नादेवी की कुल चार दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। अग्निशमन कर्मियों ने बहादुरी और सूझबूझ का परिचय देते हुए लगभग 35 मिनट के अथक प्रयास के बाद आग पर पूरी तरह काबू पा लिया। इस दौरान आसपास की अन्य फैक्ट्रियों के संचालक भी चिंतित नजर आए।
70 से 80 हजार रुपये के प्लास्टिक कबाड़ का नुकसान
गोदाम मालिक के अनुसार, आग से लगभग 70 से 80 हजार रुपये के प्लास्टिक कबाड़ का नुकसान हुआ है। सीओ फायर बिग्रेड मुकेश कुमार ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि फैक्ट्री संचालकों को फायर सेफ्टी के नियमों का कड़ाई से पालन करना चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी अप्रिय घटनाओं से बचा जा सके। उन्होंने आग लगने के कारणों की जांच के भी निर्देश दिए हैं।