विकासखंड अकराबाद में 12 गांव, विकासखंड छर्रा में 13 गांव, विकासखंड बिजौली में 7 गांव, विकासखंड धनीपुर में 12 गांव, विकासखंड अतरौली में 14 गांव, विकासखंड जवां में 12 गांव, विकासखंड चंडौस में 10 गांव, विकासखंड गोंडा में 10 गांव, विकासखंड लोधा में 22 गांव, विकासखंड इगलास में 6 गांव, विकासखंड खैर में 11 गांव और विकासखंड टप्पल में 10 गांव हैं, जो मच्छर जनित बीमारियों के लिए संवेदनशील माना गया है।
वाजिदपुर में हुई थी 15 लोगों की मौत
विकासखंड जवां के वाजिदपुर में 15 लोगो की डेंगू से मौत हो गई थी। उनकी बुखार से प्लेटलेट्स गिर गई थी। इसी तरह विकासखंड छर्रा के शाहजहांपुर बैजना, गालिब में डेंगू से तीन मौतें हो गई थीं। चावली, बरौली में डेंगू का प्रकोप फैला था। कथावाचक सुमन सुरभि की भी डेंगू से मौत हो गई थी। जिले में फिर से डेंगू, चिकुनगुनिया, मलेरिया बीमारी ने आहट दे दी है। इससे स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है।