फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मेडिकल में डॉक्टर को पीटा, हड़ताल

Fri, 19 Feb 2016 02:23 AM IST
अलीगढ़।
विज्ञापन
विज्ञापन
तुर्कमान गेट कोतवाली निवासी मो.जहूर (55) टीवी रोगी होने के कारण वार्ड-13 में भरती था। परिजनों का आरोप है कि देर शाम जब अचानक उसकी तबियत बिगड़ी तो वह वहां मौजूद डॉक्टर अबू फैज के पास गए। मगर डॉक्टर ने उनकी बात को अनसुना कर दिया और खुद मोबाइल में व्यस्त बना रहा।
विज्ञापन


कुछ ही देर में जहूर ने दम तोड़ दिया। इसके बाद भी डॉक्टर देखने नहीं आया। बस इसी बात पर परिजन भड़क गए और डॉक्टर पर हमलावर हो गए। आरोप है कि अबू फैज को जमकर पीटा गया और उसे गिरेबां पकड़कर दीवार पर टांग दिया गया। यह देख वहां मौजूद अन्य लोग भी हक्के-बक्के रह गए। शोर मचने पर एएमयू सुरक्षाकर्मी दौड़े और मेडिकल चौकी से पुलिस बल भी दौड़ता हुआ पहुंच गया।

मृत जहूर के बेटे छोटे व रिश्तेदार जब्बार को गिरफ्तार कर लिया गया। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस सूर्यकांत द्विवेद्वी के     अनुसार इस मामले में प्रॉक्टर कार्यालय के माध्यम से डॉ.अबू फैज की तहरीर के आधार पर आरोपियों पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। इधर, इस घटना के विरोध में इंतजामिया पर सुरक्षा इंतजामों को दुरुस्त न  रखने का आरोप लगाते हुए मेडिकल के डॉक्टर हड़ताल पर चले गए हैं। देर रात फिर से बैठक के बाद आगे की रणनीती पर विचार होगा। इधर, एएमयू इंतजामिया डॉक्टरों को शांत करने की कोशिश में लगी है।
विज्ञापन


जनरल बॉडी की मीटिंग हुई
अलीगढ़। मेडिकल कालेज में हुई घटना के बाद डाक्टरों की जनरल बॉडी की मीटिंग हुई। जिसमें अध्यक्ष डा. ताबिश खान ने कहा कि सभी डाक्टरों ने एक मत से प्रस्ताव पास किया है। पास किए गए प्रस्ताव में शेष दो आरोपियों की गिरफ्तारी, सभी पर धारा 307 के तहत मुकदमा दर्ज कराना, डाक्टरों की सुरक्षा बढ़ाने, मरीज के पास एक या दो ही तीमारदार रहने देने की मांग उठाई गई। तय हुआ कि इस संबंध में मेडिकल कालेज प्रशासन से मांग की जाएगी। ताकि डाक्टर सुरक्षित रहें और मरीजों को सही इलाज मिल सके।

..तो प्राइवेट डाक्टर भी करेंगे हड़ताल : आईएमए
अलीगढ़। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की अलीगढ़ इकाई के अध्यक्ष डा. उमाशंकर वार्ष्णेय और सचिव डा. जयंत शर्मा ने कहा है कि मेडिकल कालेज के सभी डाक्टरों की मांग का वह समर्थन करते हैं। सभी आरोपियों की गिरफ्तारी करने के बाद उनके खिलाफ 307 की धारा के तहत मुकदमा दर्ज किया जाए, क्योंकि उन्होंने डाक्टरों पर हमला किया है। आए दिन डाक्टरों के खिलाफ बढ़ते अपराध चिंता का कारण बन गए हैं ऐसे में मरीजों को बेहतर इलाज नहीं मिल पाएगा। अगर जल्द ही मांगे पूरी नहीं हुई तो प्राइवेट डाक्टर भी हड़ताल पर चले जाएंगे।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें