पिसावा में जेई की धुनाई करते ग्रामीण ।
- फोटो : Amar Ujala
शुक्रवार की सुबह छह बजे पिसावा कस्बे में विद्युत चेकिंग अभियान के दौरान पड़ोसी के मकान से होकर छत के रास्ते एक घर में घुसे जेई को परिजनों ने दबोच लिया। साथ मौजूद कर्मचारी भाग निकले जबकि जेई लाखन सिंह की परिजनों ने जमकर पिटाई कर दी। आरोप है कि विद्युत कर्मी छत के रास्ते मकान में घुसे उस समय परिवार की महिलाएं अचानक अपरिचितों को देख खबरा गईं। उनकी चीखें सुनकर परिजन भागते हुए अंदर पहुंचे थे। आवाज सुनकर मुहल्लेवासी भी पहुंच गए। जेई को पीटने के बाद यह लोग थाने में धरने पर बैठ गए। किसी तरह अधिशासी अभियंता एवं थाना प्रभारी ने दोनों पक्षों में समझौता कराकर मामले को शांत कराया।
बिजली विभाग के अधिकारियों ने शुक्रवार की सुबह ओवरलोड, बिजली चोरी पकड़ने के लिए व्यापाक छापामार अभियान चलाया था। लोगों की नामौजूदगी में भी उनके घरों में टीम घुसी। आरोप है कि इसी दौरान बिजेंद्र सिंह के मकान में पड़ोसी की छत के रास्ते दीवार फांदकर एक टीम घुस गई। घर की महिलाएं डर कर चीख पड़ीं। परिजन पहुंचे तो कर्मचारी भाग निकले। जेई को पकड़ लिया गया। आसपास के लोग भी पहुंच गए। जेई ने परिचय देने में आनाकानी की तो भीड़ ने पिटाई शुरू कर दी। इसी बीच कस्बे में चेकिंग कर रही अन्य टीमें पुलिस को लेकर वहां पहुंच गईं।
भीड़ से जेई लाखन सिंह को छुड़ाकर थाने ले जाया गया। उधर कस्बे के दुकानदारों ने दुकानें न खोलने का एलान करते हुए थाने में धरना शुरू कर दिया। विद्युत टीम पर कार्रवाई की मांग पर वह अड़ गए। तहरीर भी दे दी। बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं। वह विद्युत विभाग की गाड़ी के सामने बैठ गईं।
सूचना पर अधिशासी अभियंता चंद्र प्रकाश भी थाने पहुंचे और मामले की जानकारी ली। व्यापार मंडल के पदाधिकारियों और भाजपा नेता मीना कुमारी ने अधिशासी अभियंता को समूचा घटनाक्रम बताया। लोगों की विद्युत संबंधी समस्याएं बताईं। अधिशासी अभियंता ने समझाया और आश्वस्त किया कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होगी। विद्युत टीम परिचय पत्र के साथ पहुंचेगी।