अवैध विदेशी पिस्टल सहित गिरफ्तार दबंग माने जाने वाले सपा के पूर्व विधायक ठा. राकेश सिंह को मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच जेल भेज दिया गया। इस दौरान उनके अधिवक्ताओं की ओर से दायर की गई अंतरिम जमानत अर्जी अदालत ने खारिज कर दी। जमानत पर अगली सुनवाई के लिए 5 मार्च तारीख नियत की गई है।
पूर्व विधायक से मिले इनपुट के आधार पर एसटीएफ ने विदेशी हथियारों की तस्करी से जुड़े अंतर्राष्ट्रीय रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए पांच हथियार तस्करों को लखनऊ के मल्हौर रेलवे स्टेशन के पास से दबोच लिया है। इनमें एक अलीगढ़ का है, जिसने राकेश सिंह को पिस्टल बेची थी। इन तस्करों से भी कई अवैध विदेशी हथियार और कारतूस बरामद हुए हैं। एसटीएफ लखनऊ के इंस्पेक्टर राकेश पालीवाल की तरफ राकेश सिंह पर विदेशी अवैध हथियार प्रतिबंधित बोर रखने का मुकदमा दर्ज कराया गया है। लखनऊ एसटीएफ व अलीगढ़ पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में सोमवार रात करीब साढ़े बारह बजे रामघाट रोड पर पुराना आरटीओ कंपाउंड के गायत्री रॉयल अपार्टमेंट स्थित आवास से राकेश सिंह की गिरफ्तारी के बाद से ही उनके समर्थकों और करीबियों की भीड़ थाने में जमा रही।
रात करीब दो बजे मुकदमा अैर गिरफ्तारी की औपचारिकताएं पूरी करने के बाद एसटीएफ यहां से रवाना हो गई। इससे पहले एसटीएफ ने दबिश के दौरान उनके घर से मेड इन ब्राजील टॉरस 9 एमएम अवैध पिस्टल व 16 कारतूस बरामद किए थे। पूछताछ में राकेश सिंह ने बताया कि यह पिस्टल उन्होंने लक्ष्मीबाई मार्ग स्थित मकान नंबर 3/218 निवासी नागेंद्र प्रताप सिंह उर्फ ठाकुर पुत्र सुरेंद्र प्रताप सिंह उर्फ सुरेंद्र डैडी व उसके दोस्त ईशान चौधरी उर्फ उफक पुत्र चौ. मोहसिन अली निवासी बगीचे वाली मस्जिद मोहल्ला चौधरी सराय संभल से साढ़े चार लाख रुपये में खरीदी है। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में इस हथियार की कीमत 22 से 25 लाख रुपये है।
मंगलवार सुबह करीब 11 बजे सीओ तृतीय संजीव दीक्षित की अगुवाई में भारी पुलिस बल के साथ उन्हें पहले दीनदयाल संयुक्त चिकित्सालय ले जाया गया। इस दौरान उन्हें थाने से निकालने पर समर्थकों की भीड़ ने रोकने व हंगामा करने की कोशिश की तो पुलिस ने सख्ती दिखाकर उन्हें बाहर निकाला। अस्पताल से मेडिकल परीक्षण के बाद उन्हें सीजेएम कोर्ट में पेश किया गया। जहां उनके अधिवक्ताओं ने जमानत अर्जी दायर की, जिसे खारिज कर दिया गया और पूर्व विधायक को अभिरक्षा में ले लिया।
इसके बाद अधिवक्ताओं ने प्रभारी जिला जज/एडीजे प्रथम के न्यायालय में जमानत अर्जी दायर की, जहां जमानत याचिका के निस्तारण तक अंतरिम जमानत का अनुरोध किया गया। मगर अदालत ने अंतरिम जमानत का अनुरोध खारिज करते हुए याचिका पर सुनवाई के लिए 5 मार्च की तारीख नियत कर दी। इसके बाद पूर्व विधायक को जेल भेज दिया गया। इस दौरान समर्थकों ने जेल के बाहर जमकर नारेबाजी की।
अलीगढ़ में सक्रिय अंतर्राष्ट्रीय पिस्टल सप्लायर रैकेट की सूचना पूर्व विधायक ठा. राकेश सिंह ने गिरफ्तारी के बाद दी थी। पूर्व विधायक को पिस्टल सहित गिरफ्तारी के बाद जेल भेज दिया गया है, जबकि रैकेट के पांच सदस्यों को लखनऊ में दबोचा गया है, जिनमें एक अलीगढ़ का है। इन पांचों के अलीगढ़ कनेक्शन पर भी तेजी से जांच कराई जा रही है।
- राजेश पांडेय, एसएसपी, अलीगढ़