नगला पटवारी में हंगामे के बाद पहुंचा पुलिस बल।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूराे
महानगर के बाईपास इलाके की बस्ती नगला पटवारी के एक दिव्यांग सटोरिया को उठाने और पीटने पर भड़की भीड़ ने पुलिस पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए चौकी पर पथराव कर दिया और बाईपास पर जाम लगा दिया। शुरुआती सूचना पर पहुंची क्वार्सी पुलिस की तो भीड़ ने एक न सुनी और पुलिस पर भी पथराव कर दिया। बाद में कई थानों के फोर्स ने पहुंचकर सख्ती दिखाते हुए भीड़ को हटाकर जाम खुलवाया। बाद में पुलिस आरोपी सटोरिया पर मुकदमा दर्ज करने में जुटी थी।
वाकया कुछ इस तरह हुआ कि नगला पटवारी निवासी दिव्यांग इंद्राज अली की परचून की दुकान है और पत्नी इमराना साथ में ही बैठती है। पुलिस के अनुसार वह परचून की दुकान से बैठकटर सट्टा लगवाता है। इस तरह की सूचनाएं मिल रही थीं। इस सूचना पर शाम करीब सात बजे नगला पटवारी चौकी से संजीव आदि सिपाही उसकी दुकान पर पहुंचे और उसे वहां से हिरासत में लेकर चलने लगे।
पत्नी का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने दुकान में से 70 हजार रुपये भी निकाल लिए। जब रुपये ले जाने का विरोध पत्नी ने किया तो उसके साथ अभद्रता की और मौके पर ही दिव्यांग को पीटा गया। बाद में चौकी लाकर भी उसे पीटा गया। इसी बीच भीड़ जुटने लगी। हालांकि भीड़ के जुटने से पहले पुलिस ने इंद्राज को वहां से हटाकर क्वार्सी थाने भेज दिया। मगर तब तक भीड़ आक्रोशित हो उठी थी।
काफी संख्या में एकत्रित भीड़ ने चौकी पर जबरदस्त पथराव कर दिया। इससे चौकी के दरवाजे व शीशे आदि क्षतिग्रस्त हो गए। बाद में भीड़ ने चौकी के सामने बाईपास पर जाम लगा दिया। भीड़ का गुस्सा दिव्यांग को पीटने और महिला से अभद्रता को लेकर था। बाद में एसओ पहुंचे तो जीप पर भी पथराव कर दिया। इसके बाद पुलिस कुछ देर शांत रही और सूचना देकर शहर के कई थानों का फोर्स, क्यूआरटी आदि बुला ली गई।
पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए लाठियां फटकारकर भीड़ को तितर बितर किया। तब जाकर जाम खुला। बाद में समझा-बुझाकर व दोषियों पर कार्रवाई का आश्वासन देकर वहां से भीड़ को हटाया गया। एसओ के अनुसार पुलिसकर्मियों के आरोपों की जांच कराई जाएगी। फिलहाल सटोरिया पर मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।