क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
अलीगढ़। पुत्रवधु को जानवरों की तरह मारने, बर्बरता करने और दहेज उत्पीड़न के एक मामले में स्पेशल जज अदालत ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी। इसमें आरोपी पति की जमानत याचिका पहले ही खारिज की जा चुकी है।
शासकीय अधिवक्ता तेजवीर सिंह चौहान और रामकुमार ने बताया कि नगला मान सिंह निवासी अंजू की शादी क्वार्सी के मुर्गी फार्म क्वार्सी बाईपास रोड निवासी ओम प्रकाश गौतम के बेटे संघ प्रिय गौतम से हुई थी। शादी के बाद से ही उसका उत्पीड़न किया जाने लगा। गत पांच सितंबर 2018 को अंजू अपनी ससुराल में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को लेकर एसएसपी के पास पहुंच गई। फुटेज में साफ देखा जा सकता था कि उसके पति और ससुर उसे बर्बरता के साथ लात घूंसों से मार रहे थे।
इसके साथ ही उसके हाथ पैर भी जलाए गए थे। पुलिस ने इसमें मुकदमा दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इस प्रकरण में आरोपी ओम प्रकाश गौतम ने अदालत में अपनी जमानत के लिए याचिका प्रस्तुत की जिसे अदालत ने खारिज कर दिया। इसी अदालत ने 11 फरवरी 2014 को गोमांस के साथ पकड़े एक आरोपी पड्डा उर्फ सद्दाम, पुत्र एहसान निवासी गांव रामपुर शाहपुर थाना चंडौस की जमानत याचिका को भी खारिज कर दिया।