Mahindra subscription based vehicle service
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कोरोना महामारी ने उद्योग-धंधों के साथ ही ऑटोमोबाइल सेक्टर को भी अलीगढ़ में धड़ाम कर दिया है। हालात यह हैं कि जिले में मई और अप्रैल माह के आंकड़ों पर बात करें तो सिर्फ 111 वाहन की बिके। जबकि जनवरी से 31 मई तक 28840 वाहन ही बिके हैं। ऑटोमोबाइल सेक्टर को लोग परेशान हैं। वहीं, संभागीय परिवहन कार्यालय में अधिकारी और कर्मचारी भी राजस्व प्राप्त न होने से परेशान हैं। इधर, शासन राजस्व प्राप्ति पर जोर दे रहा है। मगर, वाहनों की बिक्त्रस्ी न होने से नये पंजीकरण पर मिलने वाला कर गड्ढे में जा रहा है।
आरटीओ प्रशासन केडी सिंह ने बताया कि हालातों को देखा जाए तो 2020 के जनवरी और फरवरी माह में वाहनों की बिक्त्रस्ी अच्छी हुई। जनवरी में 11345 और फरवरी में 6023 के बाद मार्च में कारोबार ने बूम पकड़ते हुए 11361 वाहनों की बिक्त्रस्ी हुई। इसके बाद लॉकडाउन लागू होने के चलते शोरूम बंद हो गए। इसके बाद मई माह में शोरूम खुले भी। मगर, वाहनों की बिक्री नहीं हुई। जून के आंकड़े अभी आना बाकी हैं। जून में हालात देखते हुए कुछ राहत मिलने के आसार हैं।
लर्निंग लाइसेंस बंद होने का भी असर
वाहन बिक्री पर कोरोना के चलते लर्निंग लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया बंद होने का भी असर पड़ रहा है। अभिभावक बच्चों को वाहन दिलाने में अभी हिचक रहे हैं। दरअसल, लाइसेंस न होने पर चालान का डर उनको सता रहा है। एआरटीओ रंजीत सिंह ने बताया कि फिलहाल कोई भी आदेश लर्निंग लाइसेंस प्रक्रिया शुरू करने के संबंध में नहीं आया है। यह सही बात है कि लर्निंग लाइसेंस न बनने के चलते अभी लोग वाहन खरीदने में हिचक रहे हैं।
माह दर माह घटी बिक्री
माह निजी वाहन बिके ट्रांसपोर्ट वाहन बिके
जनवरी 10864 481
फरवरी 5270 753
मार्च 10894 467
मई और अप्रैल 110 01
2019 में बिके वाहन
निजी वाहन - 55507
ट्रांसपोर्ट वाहन - 3746