डॉली की शादी करीब नौ साल पहले सतीश के साथ हुई थी। आरोप लगाया कि दामाद ने बेटी से फोन कराया कि यहां से ले जाओ। जब वह बेटी की ससुराल पहुंची तो उनकी बेटी को ससुराल वालों ने एक कमरे में बंद कर बाहर से कुंडी लगा रखी थी।
सिकंदरपुर निवासी महिला को उसकी ससुराल बंजारे का नगला थाना जेवर जिला गौतमबुद्धनगर में ससुराल वालों ने बुरी तरह से पीटा। उसके बाल काट दिए और गर्म चिमटे से गाल जलाए। इतना ही नहीं बुलाने पर पहुंची उसकी मां को भी पीटा। आभूषण और मोबाइल छीनने के बाद सादे कागज में हस्ताक्षर कराकर मां-बेटी को घर से निकाल दिया। मामले में जवां थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई है।
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जवां सिकंदरपुर निवासी ऊषा देवी पत्नी बनवारी सिंह के अनुसार उन्होंने अपनी बेटी डॉली की शादी करीब नौ साल पहले सतीश पुत्र टीकम सिंह निवासी बादलपुर के पास बंजारे का नगला थाना जेवर, जिला गौतमबुद्धनगर के साथ हुई थी। आरोप लगाया कि तीन मार्च को दोपहर बाद करीब तीन दामाद ने बेटी से फोन कराया कि यहां से ले जाओ। जब वह बेटी की ससुराल पहुंची तो उनकी बेटी को ससुराल वालों ने एक कमरे में बंद कर बाहर से कुंडी लगा रखी थी।
वहां पहुंचते ही उनके साथ भी गाली-गलौज करते हुए बेटी की ननद ने मोबाइल छीन लिया और बेटी के साथ कमरे में बंद कर दिया। इसके बाद ससुराल वालों ने डॉली के आभूषण उतरवा लिए। उसके बाल काट दिए।
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ननद दीपा और रेनू सहित दामाद सतीश ने गर्म चिमटे से डॉली के गाल जलाए। इसके बाद गाड़ी में बिठाकर दोनों को भेज दिया। आरोप लगाया कि पहले भी तीन-चार बार बेटी के साथ उसकी ससुराल वाले ऐसी ही घटना कर चुके हैं। उनकी बेटी की तीन दिन की लड़की को भी ससुराल वालों ने कहीं गायब कर दिया है।