जुमे की नमाज पर प्रतिबंध की आवाज उठाने और खून से लिखा राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपने वाली अखिल भारत हिंदू महासभा की राष्ट्रीय सचिव डॉ. पूजा शकुन पांडेय पर पुलिस-प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। मीडिया को दिए गए विवादित बयान पर प्रशासन ने नोटिस देकर 24 घंटे में जवाब मांगा है। वहीं, गांधीपार्क थाना पुलिस ने पूजा शकुन पर समाज में विघटन पैदा करने व धार्मिक भावनाएं आहत करने जैसी विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
बता दें कि महासभा की राष्ट्रीय सचिव व महामंडलेश्वर अन्नपूर्णा भारती उर्फ डॉ. पूजा शकुन पांडेय की अगुवाई में रविवार को खून से लिखा खत राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन के रूप में एसीएम को सौंपा गया। इसमें कानपुर की ताजा घटना सहित आजादी से पहले और बाद की कई घटनाओं का जिक्र करते हुए जुमे की नमाज पर प्रतिबंध की मांग उठाई गई है। इस दौरान उनके कार्यालय में लगे पंफलेटों व मीडिया को दिए बयान में जुमे नमाज को लेकर विवादित बातें कही गई हैं।
इसका संज्ञान लेते हुए एसीएम प्रथम कुंवर बहादुर सिंह की ओर से डॉ. पूजा शकुन को नोटिस जारी किया गया है। रविवार देर रात जारी इस नोटिस में पूजा शकुन से कहा गया है कि जिले में धारा 144 लागू है, जिसके तहत नियम विरुद्ध भीड़ एकत्रित करने, बिना अनुमति कार्यक्रम करने, समुदाय विशेष की धार्मिक भावनाएं भड़काने वाली बयानबाजी प्रतिबंधित है। इसके बावजूद उनके द्वारा मीडिया के सामने आपत्तिजनक बयानबाजी की गई और सोशल मीडिया पर भी अपलोड किया गया। इससे अलीगढ़ जैसे संवेदनशील जिले में सद्भाव बिगड़ने का खतरा और विभिन्न समुदायों के बीच विवाद होने का खतरा रहता है। नोटिस मिलने के 24 घंटे के अंदर जवाब दें अन्यथा क्यों न आपके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
इधर, सोमवार को इस प्रकरण में गांधीपार्क थाने में पूजा शकुन के खिलाफ पुलिस की ओर से मुकदमा दर्ज किया गया है, जिसमें विवादित बयानबाजी से समुदाय विशेष की धार्मिक भावनाएं आहत होने, विघटन पैदा होने जैसे आरोप हैं।
- डॉ. पूजा शकुन पांडेय द्वारा दिए गए विवादित बयान के दृष्टिगत गांधीपार्क थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है और संबंधित मजिस्ट्रेट की ओर से नोटिस जारी किया गया है। मामले में विवेचना व निगरानी जारी है। - कलानिधि नैथानी, एसएसपी
- संज्ञान में आया है कि मेरे खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है। बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। जो ज्ञापन दिया है, उसमें जिन घटनाओं का उल्लेख है, वह घटनाएं सत्यापित व सत्य हैं। अगर सत्य सामने लाने पर किसी की भावनाएं आहत हो रही हैं तो मुझे खेद है। फिर भी मैं प्रशासन के साथ हूं। प्रशासन का सहयोग करूंगी। प्रशासन की कुछ मजबूरी हो सकती हैं। - डॉ.पूजा शकुन पांडेय
नोटिस का दिया जवाब, जताया खेद
अलीगढ़। एसीएम के नोटिस पर अखिल भारत हिंदू महासभा की राष्ट्रीय सचिव पूजा शकुन पांडेय की ओर से जवाब भेजा गया है, जिसमें कहा गया है कि उन्होंने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है, जिससे भावनाएं आहत हों। उन्होंने सिर्फ सत्य घटनाओं का उल्लेख करते हुए ज्ञापन दिया है। वही बातें मीडिया के सामने कही हैं। उनके द्वारा न सोशल मीडिया पर कोई तथ्य अपलोड किया गया है और न कोई कार्यक्रम आयोजित किया गया है। सिर्फ परिवार के सदस्यों की मौजूदगी में ज्ञापन दिया है, जिसे भीड़ नहीं बताया जा सकता। न उनका उद्देश्य किसी की भावनाओं को आहत करना है और न निषेधाज्ञा का उल्लंघन करना है। फिर भी अगर सत्य उजागर करने से किसी को ठेस पहुंची है तो वे खेद प्रकट करती हैं।