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BSP: अलीगढ़ से बसपा के लोकसभा प्रत्याशी गुफरान नूर को पड़ा दिल का दौरा, भर्ती, टिकट बदलने को लेकर चर्चाएं शुरू

Sun, 31 Mar 2024 08:03 PM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

नामांकन से पहले बसपा प्रत्याशी की हालत बिगड़ने से राजनीतिक गलियारे में टिकट को लेकर अलग-अलग चर्चा हो रही हैं। चर्चा है कि बसपा अलीगढ़ लोकसभा क्षेत्र से अपना प्रत्याशी बदल सकती है। अभी आधिकारिक तौर पर संगठन ने इस पर कोई जानकारी नहीं दी है।
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अलीगढ़ से बसपा प्रत्याशी गुफरान नूर - फोटो : वीडियो ग्रैब
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विस्तार
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अलीगढ़ से बहुजन समाज पार्टी के लोकसभा प्रत्याशी गुफरान नूर को अचानक दिल का दौरा पड़ा है। उन्हें शहर के निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। गुफरान नूर की सलामती के लिए उनके समर्थक दुआएं कर रहे हैं। 

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बहुजन समाज पार्टी ने लोकसभा चुनाव 2024 के लिए अलीगढ़ लोकसभा क्षेत्र से गुफरान नूर को अपना प्रत्याशी घोषित किया था। बसपा के राष्ट्रीय महासचिव एवं पूर्व सांसद बाबू मुनकाद अली ने उसकी घोषणा की थी। नामांकन प्रक्रिया शुरू होने के बाद बसपा में भी नामांकन करने की तैयारी चल रही थीं। 31 मार्च को दोपहर 1 बजे प्रत्याशी को दिल का दौरा पड़ गया। आनन-फानन में उन्हें शहर के निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। चिकित्सालय पर उनके समर्थकों की भीड़ लगी हुई है। समर्थक उनकी सलामती की दुआएं कर रहे हैं। 

नामांकन से पहले बसपा प्रत्याशी की हालत बिगड़ने से राजनीतिक गलियारे में टिकट को लेकर अलग-अलग चर्चा हो रही हैं। चर्चा है कि बसपा अलीगढ़ लोकसभा क्षेत्र से अपना प्रत्याशी बदल सकती है। अभी आधिकारिक तौर पर संगठन ने इस पर कोई जानकारी नहीं दी है। बता दें कि गुफरान नूर एआईएमआईएम के जिलाध्यक्ष रहे हैं। इससे पहले उन्होंने वर्ष 2012 में बरौली विधानसभा क्षेत्र से कौमी एकता दल के टिकट पर चुनाव लड़ा था। इसमें उन्हें करीब साढ़े चार हजार मत मिले थे। वर्ष 2023 में महापौर का चुनाव एआईएमआईएम के टिकट पर लड़ा था, जहां उन्हें करीब साढ़े चौदह हजार मत मिले थे। अब वह तीसरी बार चुनाव मैदान में हैं।
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गुफरान नूर कई पार्टियों में रह चुके हैं। उन्होंने अपनी राजनीति नेशनल लोकतांत्रिक पार्टी से शुरू की थी। फिर कौमी एकता दल से जुड़ गए और बरौली सीट पर विधान सभा चुनाव भी लड़ा। फिर आम आदमी पार्टी से जुड़े। उसके बाद एआईएमआईएम की “पतंग” उड़ाने लगे। उन्हें जिलाध्यक्ष भी बनाया गया। एक महीने पहले वह बसपा के हाथी पर सवार हो गए।

भाजपा से रही है बसपा की सीधे टक्कर

  • वर्ष 2009 के लोकसभा चुनाव में बसपा की राजकुमारी चौहान सांसद बनीं थीं।
  • वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा के सतीश गौतम को 514624 वोट मिले। दूसरे नंबर पर बसपा के अरविंद कुमार सिंह रहे, जिन्हें 2,27,886 वोट मिले।
  • वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा के सतीश गौतम को 656215 वोट मिले। दूसरे नंबर पर बसपा के अजित बालियान रहे, जिन्हें 426954 वोट मिले।

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अब तक यह प्रत्याशी हुए घोषित

  • कांग्रेस-सपा गठबंधन से बिजेंद्र सिंह
  • भाजपा से सतीश गौतम
  • बसपा से गुफरान नूर    
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