मंगलवार को डीएस कॉलेज के बंद कमरे में युवक और युवती पकड़े गए। दोनों ही लोग बाहरी बताए जा रहे हैं। मौके पर पहुंची प्रॉक्टर टीम के साथ युवती ने हाथापाई कर दी। इधर युवक-युवती को छुड़ाने के लिए कुछ छात्र नेता आ गए और कॉलेज में हंगामा शुरू हो गया। सूचना पर पुलिस दोनों को थाने ले गई, बाद में युवक-युवती को छोड़ दिया गया।
मंगलवार की दोपहर 12 बजे डीएस कॉलेज में सब कुछ सामान्य चल रहा था। इसी दौरान चीफ प्रॉक्टर डॉ. पीके शर्मा एक कमरे में बाहरी युवक-युवती के होने की सूचना मिली। डॉ. इन्दु वार्ष्णेय सहित प्रॉक्टर टीम कमरे के पास पहुंच गईं। कमरा अंदर से बंद था। आवाज लगाने पर थोड़ी देर में कमरा खुल गया। अंदर शहर का एक युवक और युवती मौजूद थे। टीम ने जब दोनों से पूछताछ करनी शुरू कर दी तो युवती ने प्रॉक्टर टीम के साथ हाथापाई कर दी। चीफ प्रॉक्टर के मुताबिक युवक ने बताया कि वह गाजियाबाद से बीकॉम कर रहा है, जबकि युवती शहर के ही एक कॉलेज की छात्रा बताई जा रही है। इस बीच सूचना मिलते ही छात्र नेता भी कॉलेज पहुंच गए।
युवक-युवती को पुलिस के हवाले करने की कवायद शुरू हो गई। चीफ प्रॉक्टर ने बताया कि पुलिस की बात सुनते ही कुछ छात्र नेता युवक-युवती को छुड़ाने के लिए दबाव बनाने लगे। पुलिस में न देने की बात कही जाने लगी। छात्र नेताओं ने कॉलेज का गेट बंद कर दिया। इसी दौरान थाना गांधी पार्क पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। दोनों युवक-युवती को पुलिस थाने ले आई। चीफ प्रॉक्टर का कहना है कि दोनों के खिलाफ तहरीर दे दी गई है। वहीं एसओ गांधी पार्क अमित यादव का कहना है कि इस मामले में किसी नहीं तहरीर नहीं दी है।