एएमयू कांड में मुख्य शूटर की भूमिका में पुलिस के सामने आए जोरेज का साथी पूर्व छात्र जफर ने सोमवार को सीजेएम न्यायालय में समर्पण कर दिया। अदालत ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में लेकर जेल भेज दिया। बता दें कि जफर सीसीटीवी में पिस्टल से गोली चलाते कैद हुआ था, इसके चलते पुलिस की टीमें उसकी सरगर्मी से तलाश में थीं और पुलिस से बचने के लिए वह कोर्ट में हाजिर हो गया। अब पुलिस उसे रिमांड पर लेने का प्रयास करेगी।
एएमयू में हुए बवाल के मुकदमे में पूर्व छात्र जफर पुत्र मुमताज निवासी हमजा कॉलोनी क्वार्सी का नाम सीसीटीवी में पिस्टल चलाते कैद होने के कारण आया था। इस आधार पर जफर को दोनों हत्याओं, आगजनी व बवाल का आरोप लगाया था और उसका नाम सार्वजनिक करते हुए उसके खिलाफ गैरजमानती वारंट भी ले लिया था। जोरेज के साथी जफर की तलाश में उसी दिन से पुलिस सरगर्मी से जुटी थी। पुलिस को लगातार उसके विषय में यह सूचनाएं मिल रही थीं कि वह शहर के कुछ लोगों के संपर्क में है। सटीक मुखबिरी के चलते उसे जल्द गिरफ्तार करने की उम्मीद थी, मगर सोमवार को वह कोर्ट में हाजिर हो गया। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस के अनुसार जल्द ही उसे रिमांड पर लिया जाएगा। बाकी आरोपियों की तलाश के लिए टीमें दिल्ली, एनसीआर, पूर्वांचल व पश्चिमी यूपी के कुछ जिलों में दबिश दे रही हैं।