इलाहाबाद हाईकोर्ट में जज साधना रानी ठाकुर अपने भाई अजय गुप्ता के साथ...
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महानगर के विष्णुपुरी इलाके में रहने वाले एक्सपोर्टर परिवार की बेटी साधना रानी ठाकुर इलाहाबाद हाईकोर्ट में जज बनी हैं। बृहस्पतिवार को उन्होंने इलाहाबाद हाईकोर्ट में न्यायाधीश की शपथ ली।
मथुरा जिला जज रहते हुए भरतपुर के बहुचर्चित राजा मान सिंह हत्याकांड के 11 आरोपियों को सजा सुनाने वाली न्यायाधीश की इस उपलब्धि पर परिवार में हर्ष का माहौल है। उन्होंने शहर के टीकाराम इंटर कॉलेज और एएमयू से पढ़ाई पूरी करने के बाद सुप्रीम कोर्ट में कुछ समय वकालत की और बाद में जज बनीं।
विष्णुपुरी निवासी कैलाश चंद्र-मनोरमा देवी दंपती की तीसरी संतान साधना रानी ठाकुर की सबसे बड़ी बहन अजीत गुप्ता लखनऊ में डॉक्टर हैं। दूसरे नंबर पर भाई अजय कुमार विष्णुपुरी में ही रहते हैं और एके इंटरनेशनल के नाम से ब्रास की एक्सपोर्ट फर्म चलाते हैं। सबसे छोटे भाई रितेश गुप्ता गुरुग्राम में सेवारत हैं।
टीकाराम स्कूल के बाद एएमयू से एलएलबी करने के बाद उन्होंने छह माह सुप्रीम कोर्ट में वकालत की। इसके बाद वे पहले प्रयास में पीसीएस-जे बनीं। उनके पति हरविंदर ठाकुर सेना से कर्नल पद से सेवारत हैं। अब तक वे शाहजहांपुर, देवरिया और मथुरा में जिला जज रह चुकी हैं।
मथुरा में जिला जज रहते जुलाई 2020 में उन्होंने भरतपुर के राजा मान सिंह हत्याकांड के 11 आरोपी पुलिसकर्मियों को सजा सुनाई थी। वर्ष 1985 में भरतपुर में हुआ यह हत्याकांड 1990 में सत्र परीक्षण के लिए मथुरा स्थानांतरित होकर आया था। बृहस्पतिवार को छोटी बहन के बतौर जज हाईकोर्ट में शपथ लेने पर उनके बड़े भाई अजय कुमार ने खुशी जाहिर की है। शुक्रवार को उनके घर बधाई देने आने वालों का सिलसिला रहा।