सुबह से जबरदस्त उमस के बीच कुछ देर के लिए बूंदाबांदी से लोगों को राहत मिली, लेकिन बूंदाबांदी जल्द ही बंद हो गई, इस हल्की सी रिमझिम से जमीन की गर्मी भाप बन ऊपर उठी और जबरदस्त में बदल गई। जिससे लोगों को उमस भरी गरमी ने परेशान किया। इस दौरान अधिकांश लोग पसीने से तरबतर रहे। लॉकडाउन के कारण बाजारों में तो भीड़ नहीं थी लेकिन घरों में गरमी ने परेशान कर दिया, उप पर बिजली की कटौती ने भी छकाया। शहर में कुछ स्थानों पर सुबह कुछ देर के लिए बारिश हुई, इसके बाद बंद हो गई। उम्मीद थी कि दिन में अच्छा पानी बरसेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
एएमयू के भूगोल विभाग के सीनियर प्रो. अतीक अहमद ने बताया कि अभी मूसलाधार बारिश के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पर्याप्त दबाव नहीं बन पा रहा है, जिसकी वजह से इधर बारिश कम है। इससे उल्ट देश के कुछ राज्यों में बाढ़ के हालात बने हैं। जिससे वहां के लोग परेशान हैं। उन्होंने बताया कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान और वातावरण में बन रहे हालात इशारा कर रहे हैं कि रविवार, सोमवार और मंगलवार को बारिश हो सकती है। इसके बाद गरमी होगी फिर जुलाई के आखिरी दिनों में अलीगढ़ सहित आसपास के इलाकों में बारिश शुरू होगी, जो अगस्त और सितंबर में और बढ़ जाएगी।
-शनिवार को अधिकतम तापमान 36, आद्रता 66 फीसदी और हवा 7 से 8 किमी की रफ्तार पर रही।
-आद्रता बहुत अधिक और हवा की रफ्तार बहुत कम होने के कारण उमस बढ़ गई थी।
-रविवार को पारा 34 डिग्री तक रहने का अनुमान बूंदाबांदी के साथ बारिश की संभावना।