आरपीएफ की टीम ने मंगलवार को अलीगढ़ जंक्शन से दाऊद खां स्टेशन तक जागरूकता अभियान चलाया। पटरी किनारे की बस्तियों में रहने वाले लोगों को समझाया गया कि वह रेल पटरी को पार न करें। पशुओं को भी इस पर न आने दें। अगर, कोई रेल पटरी पार करने का दोषी पाया जाता है तो उसे आजीवन कारावास तक की सजा कोर्ट द्वारा सुनाई जा सकती है।
आरपीएफ इंस्पेक्टर चमन सिंह तोमर ने बताया कि कई दिनों से लोगों द्वारा पटरी पार करने की शिकायत मिलने पर जागरूकता अभियान चलाया गया। विशेष तौर पर उन पशुपालकों को सतर्क किया गया जो पटरी किनारे अपने पशुओं को चरने के लिए छोड़ देते हैं। ऐसा करना दंडनीय अपराध है। लोगों को बताया गया कि अपराध के लिए उन्हें आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है।