अलीगढ़ नगर निगम के संपत्ति कर की वसूली का लक्ष्य कैसे पूरा हो, जब विभाग के लोग ही चूना लगा रहे हैं। निगम के आरआई (राजस्व निरीक्षक) ने सारसौल चौराहे के पास नगला कलार स्थित एक होटल को आवासीय संपत्ति दर्शाते हुए सवा लाख की जगह मात्र साढ़े आठ हजार रुपये टैक्स लगाया है। इसका खुलासा होने पर अफसरों ने प्रकरण की जांच शुरू करा दी है। इस मामले में संपत्ति कर के दो मूल्यांकन पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इन पर लोग टिप्पणी कर रहे हैं।
नगला कलार में मीनू देवी का भवन है, जिसका क्षेत्रफल करीब 3420 वर्ग फुट है। इसका इस्तेमाल व्यवसायिक गतिविधि में होटल के रूप में होता है। यह जोन चार में स्थित है। वर्ष 2023 में संपत्ति कर विभाग के तत्कालीन आरआई अरुण प्रताप सिंह ने इसको व्यवसायिक दिखाते हुए वार्षिक मूल्यांकन कर 1.20 लाख रुपये तय किया था। इसके बाद आरआई आमोद पचौरी व प्रभात गौड़ ने सांठ-गांठ कर इसको आवासीय करार देते हुए वार्षिक मूल्यांकन कर 8,500 दिखाया है। इसकी जानकारी अधिकारियों को हुई तो उन्होंने जांच शुरू कर दी। कांग्रेस नेता विनोद पांडेय ने नगर आयुक्त को पत्र भेज कर गड़बड़ी करने वालों पर कार्रवाई की मांग की है।
जोन चार में एक होटल के वार्षिक मूल्यांकन में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। इसकी जांच कराई जा रही है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।- राकेश कुमार यादव, अपर नगर आयुक्त।