सांप्रदायिक दृष्टि से अलीगढ़ का बेहद संवेदनशील कस्बा जलाली स्थित वनखंडेश्वर महादेव मंदिर में बीती रात किसी ने हनुमान मंदिर को क्षतिग्रस्त कर दिया। इसे लेकर रात में ही तमाम हिंदू संगठनों के नेता एकत्रित होकर धरने पर बैठ गए। खबर मिलने पर पहुंची पुलिस ने लोगों कार्रवाई करने का आश्वासन देकर उन्हें शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी रात भर वहीं डटे रहे। मामले में हरदुआगंज थाने में मुकदमा दर्ज किया गया।
इधर, सुबह होते ही मंदिर क्षतिग्रस्त की खबर पर हंगामा शुरू हो गया। निकटवर्ती गांव के लोग भी मंदिर पर पहुंच गए। घटना के विरोध में कस्बे के बाजार बंद कर दिए गए हैं। भड़काऊ नारेबाजी के बीच लोगों को पुलिस समझाने के प्रयास में जुटी है और हालात की गंभीरता को देखते हुए कई थानों से फोर्स मौके पर पहुंची है। यही नहीं एसपी देहात व एसडीएम भी मौके पर जमे हैं।
हिंदू समाज के लोग आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही हंगामा शांत करने की बात कर रहे हैं। खबर मिलते ही मौके पर भाजपा नेताओं का जमावड़ा भी शुरू हो गया है। ठाकुर जसवीर सिंह, ठाकुर शाल्यराज सिंह, ठाकुर कुशल पाल सिंह, ठाकुर धीरेंद्र प्रताप सिंह आदि मौके पर पहुंचे हैं।
इस मामले में देर रात पुलिस ने तहरीर के आधार पर नामजद समुदाय विशेष के युवक समेत तीन अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया है। आधी रात पुलिस चौकी पहुंचकर नामजद के पक्ष रखने पर पूर्व चेयरपर्सन से जमकर नोंकझोंक हुई। अब प्रदर्शनकारी चेयरपर्सन की गिरफ्तारी मांग कर रहे हैं। कस्बे में लाठी डंडों के साथ लोगों ने जुलूस निकाला।
छावनी बना जलाली, चप्पे चप्पे पर पुलिस बल तैनात
वन खंडेश्वर महादेव मंदिर पर हनुमान मंदिर का शिखर तोड़े जाने पर रात से चल रहे हंगामे ने सुबह उग्र रूप धारण कर लिया। निकटवर्ती गांव के श्रृद्धालुओं के वहां पहुंचने तथा आरोपी की गिरफ्तारी न होने से नाराज लोगों ने लगभग दो घंटे के बाद सुबह दस बजे करीब मंदिर से कस्बे की ओर कूच कर दिया।
इस दौरान उग्र भीड़ ने रास्ते में पड़ने वाली आरा मशीन से डंडे निकाल लिए जिसके बाद नारेबाजी करते हुए पुलिस अधिकारियों और पुलिस बल को दरकिनार कर बस अड्डे तक पहुंच गई। भीड़ के तेवरों को देखते हुए पुलिस-प्रशासन के हाथ पांव फूल गए। आनन-फानन पुलिस ने मिन्नत कर, समझाते बुझाते और साथ में बल प्रयोग करने पर मजबूर होने की कहते हुए भीड़ को शांत किया तथा बस अड्डे से बंबा पुल तक वापस कर दिया।
इस दौरान प्रदर्शनकारी सड़क पर धरना देने लगे जिसमें तहसीलदार कोल की किसी बात पर भाजपा नेता शाल्यराज भड़क गए जिसके बाद तहसीलदार कोल को काफी पीछे की ओर धकियाते हुए ले गए। बमुश्किल पुलिसकर्मियों ने उन्हें बचाया।
इस दौरान मौके पर पहुंचे भाजपा जिला अध्यक्ष ऋषि पाल सिंह ने रविवार सुबह तक नामजद को गिरफ्तार किए जाने की मांग की। साथ ही जलाली चौकी पर तैनात एक दरोगा और एक सिपाही को तत्काल हटाए की भी बात रखी। इसके बाद भीड़ को वापस मंदिर भेज दिया गया।
मंदिर पहुंचकर जिलाध्यक्ष द्वारा एसएसपी से अपनी मांगें रखी गईं, जिसके बाद सभी को वापस कर दिया गया। तीन घंटे तक चले हंगामे के बाद बमुश्किल कस्बे का माहौल शांत हो सका। दोपहर बारह बजे तक कुछ आंशिक बाजार खुल चुका था। इस मामले में पुलिस द्वारा कपिल ठाकुर की तहरीर पर कस्बे के अफजाल कुरेशी पुत्र इरशाद कुरेशी समेत एक अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।