अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के विज्ञान संकाय ने पिछले सौ वर्षों में हजारों वैज्ञानिकों, पेशेवरों और विज्ञान और गणित के शिक्षकों को पैदा किया है। जिन्होंने समाज को उत्कृष्ट सेवाएं प्रदान की हैं। इस उपलब्धि को यादगार बनाने के लिए प्रशासनिक ब्लाक के सिलेक्शन कमेटी रूम में कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने संकाय विज्ञान के 100 वर्ष पर एक पुस्तक का विमोचन किया।
इस अवसर पर प्रो. मंसूर ने कहा कि विज्ञान संकाय ने पिछले सौ वर्षों से बौद्धिक खोज, नैतिकता और मूल्यों पर आधारित शिक्षा प्रदान की है। आज संकाय अंतरराष्ट्रीय महत्व की कई वैज्ञानिक उपलब्धियों का गवाह है। प्रो. मंसूर ने कहा कि छात्रों को अनगिनत अवसर प्रदान किए गए हैं और शैक्षणिक संस्थानों के वैज्ञानिक प्रदर्शन की समीक्षा में हमारा विज्ञान संकाय देश में सबसे आगे है।
साइंस फैकल्टी के डीन प्रो. काजी मजहर अली ने कहा कि एएमयू के संस्थापक सर सैयद अहमद खान में कई प्रतिभाएं थीं और विज्ञान में उनकी रुचि 1864 में साइंटिफिक सोसाइटी’ की स्थापना में परिलक्षित होती है। उन्होंने कहा कि एएमयू 100 साल पुराना संस्थान है और यहां मुहम्मदन एंग्लो-ओरिएंटल कालेज के समय से ही भौतिकी, गणित और रसायन शास्त्र जैसे विभाग हैं।
फिजिक्स के प्रोफेसर और पुस्तक के संयुक्त संपादक प्रो. मुहम्मद सज्जाद अतहर ने कहा कि भौतिकी विभाग, जो विज्ञान संकाय के तहत स्थापित है, सर जे जे थॉम्पसन (1910) और अल्बर्ट आइंस्टीन (1921) से लेकर ताकाकी काजिता (2015) जैसे नोबेल पुरस्कार विजेताओं के साथ प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष वैज्ञानिक संपर्क की इसकी परंपरा है।
पुस्तक के विमोचन के अवसर पर भौतिकी, गणित, रसायन विज्ञान, भूगोल, भूविज्ञान, कंप्यूटर विज्ञान और रिमोट सेंसिंग और जीआईएस अनुप्रयोगों के अंत:विषय विभाग के प्रमुख उपस्थित थे।