- फर्म ने नक्शा स्वीकृत कराते समय सरकरी गाटा संख्या जमीन का स्वामित्व साबित नहीं किया।
- गांव सोमना के गाटा संख्या-66 का क्षेत्रफल 0.115 है, जो कि एक चक मार्ग है। यह सार्वजनिक उपयोग की जमीन है।
- गांव सोमना के गाटा संख्या-82-2 क्षेत्रफल 0.058 है। यह चक मार्ग है। इसका स्वामित्व भी फर्म के पास नहीं है। फर्म के भू परिवर्तन कराकर अभिलेख पेश करने थे, वह नहीं करे गए।
- गांव सोमना के गाटा संख्या-43 क्षेत्रफल 0.426 है. राजस्व अभिलेख में नाला गंगनहर दर्ज है। यहां रेलवे ट्रैक प्रस्तावित किया गया है जो नाले के ऊपर से गुजरता है। इस पर पुल का निर्माण किया गया लेकिन सिंचाई विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र हासिल नहीं किया।
- गांव सोमना के गाटा संख्या-22 क्षेत्रफल 0.012 है. राजस्व अभिलेखों में बंजर अंकित है, जो कि ग्राम सभा की भूमि है, जिसका स्वामित्व भी फर्म के पास नहीं है।
वंडर सीमेंट कंपनी की कुछ जमीन तहसील के अभिलेखों में बंजर, नाला, चकरोड आदि के रूप में दर्ज है। जिनका स्वामित्व इनके पास नहीं है। इसलिए इनका नक्शा निरस्त किया गया है। इनको इस कमी को सुधारने का मौका दिया गया है। - अपूर्वा दुबे, उपाध्यक्ष, एडीए
वंडर सीमेंट लिमिटेड ने एडीए से स्वीकृत शमन मानचित्र का कुछ हिस्सा जमा करते हुए एक अपील लखनऊ में आवास अनुभाग में प्रस्तुत की थी। अपीलीय अधिकारी ने दोनों पक्षों को सुना। इसके बाद वंडर सीमेंट के पक्ष में आदेश पारित किया। इस पर कंपनी ने एडीए उपाध्यक्ष के समक्ष अपीलीय अधिकारी के आदेश को लागू करने का अनुरोध किया। अब उपाध्यक्ष ने इस पर निर्णय सुनाया है। प्रबंधन की तरफ से इस आदेश का विस्तार से अवलोकन कर आगे का निर्णय लिया जाएगा। - आशीष सिंह चंद्रावत, यूनिट हेड, वंडर सीमेंट