पुलिस जब उसके पीछे लगी तो वह पहले क्वार्सी क्षेत्र में अपने मामा के घर पहुंचा, वहां से जलाली एक रिश्तेदार के घर पहुंचा। इसके बाद वहां से भी पुलिस के पहुंचने से पहले फरार हो गया। मगर इस बीच पुलिस ने उसकी बुलेट जरूर जब्त कर ली। पुलिस दबाव के चलते शुक्रवार दोपहर उसके अधिवक्ता ससुर की मदद से उसे पुलिस के हवाले किया गया। उसके पास से हमले में प्रयुक्त राहुल के नाम से ही लाइसेंसी पिस्टल भी बरामद कर ली गई।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार थाने लाकर हुई पूछताछ में राहुल प्रताप ने हमला करना स्वीकारते हुए बताया कि वह भी मंडी में मौजूद था। इसी दौरान एकाएक आमना-सामना होने पर कहासुनी हुई। इसी कहासुनी में हाथापाई के बीच उसने मुकेश को गोली मार दी। पुलिस गिरफ्तार आरोपी से अन्य पहलुओं पर भी पूछताछ कर रही है। इस दौरान उसके एक अन्य साथी का नाम भी सामने आया है। वह भी सुबह राहुल द्वारा खबर किए जाने के बाद से फरार है और उसका मोबाइल भी बंद है। इधर, मेडिकल कॉलेज में मुकेश की हालत स्थिर बनी हुई है।
पीएसी में निरीक्षक हैं आरोपी के पिता
गिरफ्तार किए गए आरोपी राहुल के पिता राजेश कुमार सिंह पीएसी एटा में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं।
एसएसपी बोले- 12 घंटे में ही गिरफ्त में आया आरोपी
एसएसपी कलानिधि नैथानी का कहना है कि मीडियाकर्मी पर गुरुवार रात हुआ हमला एकाएक हुए झगड़े का परिणाम है। आरोपी को महज 12 घंटे के प्रयास में गिरफ्तार कर लिया गया है। इस प्रयास में पांच टीमें एसपी सिटी व सीओ द्वितीय की अगुवाई में लगी थीं। पूछताछ जारी है। अब जो नया तथ्य सामने आएगा, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।