धमकी भरे ईमेल में कहा गयाहै कि “मैंने कुछ छात्रों से बातचीत की और कैंपस में विस्फोटक लगा दिया है। अगर मुझे दो लाख रुपये मेरे यूपीआई नंबर पर दो दिन में नहीं मिले तो विस्फोटक में विस्फोट कर दिया जाएगा। इसलिए कुछ करने से पहले ध्यान से सोचिए”।
2019 में पीआरओ को जान से मारने की मिल चुकी है धमकी
एएमयू के पीआरओ उमर पीरजादा को वर्ष 2019 में जान से मारने की धमकी मिल चुकी है। यह धमकी उन्हें अंतरदेशीय पत्र के जरिये दी गई थी, हालांकि उस पर धमकी देने वाले का नाम नहीं था। इसके बाद यह जानकारी उन्होंने अपने उच्चाधिकारियों को देने के साथ सिविल लाइंस थाना पुलिस को भी दी थी। उनके नाम सहित यूनिवर्सिटी के कई लोगों के नाम से फर्जी फेसबुक आईडी बनाई जा चुकी है।
पुलिस कर रही ई-मेल में दिए गए यूपीआई नंबर की जांच
एएमयू को बम से उड़ाने की धमकी देने के मामले में पुलिस गहनता से जांच-पड़ताल कर रही है। पुलिस इस बात की तस्दीक कर रही कि आखिर धमकी भरा मेल आया कहां से है? हालांकि अभी इसकी जानकारी नहीं हो सकी है।
सीओ तृतीय अभय पांडेय के अनुसार एएमयू कुलपति, रजिस्ट्रार, पीआरओ और प्रॉक्टर समेत अन्य अधिकारियों को 8 जनवरी रात 1.18 बजे यह मेल तिवारी श्रीजयंत नाम की प्रोटोन मेल आईडी से मिली थी। इस ईमेल में दो लाख रुपये न देने पर बम से उड़ाने का जिक्र है। अंत में यूपीआई मोबाइल नंबर 6387866385 लिखा हुआ था। उन्होंने बताया कि इस मामले में 9 जनवरी को एएमयू की ओर से मिली शिकायत के बाद पुलिस स्तर से कैंपस में बीडीएस व डॉग स्क्वायड की मदद से सघन चेकिंग की गई। सीओ के अनुसार अब तक की जांच में पाया गया है कि जो नंबर लिखा हुआ है। वह हरदोई के किसी व्यक्ति के नाम से है। मगर, उसकी लोकेशन देवरिया जनपद के आसपास मिली है।
मेल जिस सिस्टम से किया गया है। अभी उसकी लोकेशन की पुष्टि नहीं हो पा रही है। जिस सिस्टम से मेल भेजा गया है उसकी आईपी निकलवाई जा रही है। अब तक की जांच में मेल आईडी फर्जी पाई गई है। इस मामले में मोबाइल कंपनियों से इसकी विस्तृत डिटेल मांगी गई है। उन्होंने बताया कि इस पूरे मामले में जांच अभी जारी है। एएमयू कैंपस में भी पूरी सतर्कता बरतने के साथ ही पुलिस संदिग्धों की जांच कर रही है।