बीएचयू की तर्ज पर एएमयू में लड़कियों को आत्मरक्षा के गुर सिखाने को आएगी टीम
एएमयू परिसर में जेंडर इक्विलिटी की पहल मिलजुल करेंगे युवा, संदीप ने किया आह्वान
मायावती का उदाहरण देकर कहा कि उन्होंने नई राजनीतिक शुरुआत कर बदला चेहरा
अमित शाह, मुलायम सिंह यादव और दूसरे नेताओं की वर्तमान राजनीति पर भी उठे सवाल
अमर उजाला ब्यूरो
अलीगढ़। मैग्सेसे पुरस्कार विजेता संदीप पांडेय ने कहा है कि लव जेहाद पर हंगामा करने की कोई जरूरत नहीं है। अगर मुसलमान लड़के हिंदू लड़कियों से शादी कर रहे हैं तो इस पर राजनीति करने से बेहतर है कि हिंदू लड़के मुसलमान लड़कियों से शादी करें। इससे दोनों धर्मों के बीच मोहब्बत पनपेगी और देश में अमन चैन बढ़ेगा। संदीप रविवार को खुदाई खिदमतगार संस्था की ओर से मौलाना आजाद लाइब्रेरी के हाल में आयोजित संवाद कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर आए थे।
यहां लड़कियों ने पूछा कि जेंडर इक्विलिटी को लेकर पहल क्यों नहीं हो रही है ? लड़के रात में दस बजे तक हॉलों में आते हैं तो लड़कियों के लिए शाम के सात बजे का समय क्यों तय है? इस पर संदीप ने कहा कि मौके की नजाकत को भांप कर लड़कियों को बराबरी की बात पर अमल करना चाहिए। संदीप ने कहा कि मायावती ने राजनीति के तमाम मिथक तोड़े हैं इसकी पहल युवाओं को भी करनी चाहिए। बोले कि अमित शाह जैसे नेता भाजपा की कमान संभाल सकते हैं तो युवा राजनीति में आने की पहल क्यों नहीं कर रहे हैं ? मुलायम सिंह लोहियावाद की दुहाई देकर परिवारवाद की राजनीति करने में सफल हैं तो युवा खुद का राजनीतिक दल बना कर क्यों आगे नहीं बढ़ रहे हैं? युवाओं को राजनीति में आगे आना चाहिए और अपनी जगह बना कर नि:स्वार्थ भाव से देश सेवा करनी चाहिए। इसी से देश की व्यवस्थाओं को सुधारा जा सकता है। उन्होंने कहा कि बीएचयू में जिस तरह से लड़कियों को आत्मरक्षा के गुर सिखाने के लिए बकायदा काम हो रहा है उसी तरह से एएमयू में भी पहल होगी। इसके लिए बीएचयू से प्रशिक्षित लोगों की टीम एएमयू आएगी। उन्होंने कहा कि लड़कियों को भी अपन जगह बनाने के लिए संघर्ष करना चाहिए। इस मौके पर राम रहीम शांति सेना के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। यहां पर अलीगढ़ इकाई से प्रो. अरसलम, मो. शाहबाज, साकिबुर रहमान,याजिद इकबाल,असलम, जामुमददीन मौजूद रहे। दिल् ली से आए संस्था के हाफिज किदवई, फैजल खान, तापिश, आरिश, चिन्मय, कृपाल, अभिषेक भी यहां उपस्थित रहे।