अलीगढ़। अतरौली के एक युवक द्वारा एक युवती के खिलाफ लड़ी जा रही लड़ाई रंग लाती नजर आ रही है। झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर जबरन शारीरिक संबंध बनाने वाली इस युवती के खिलाफ अदालत में दुष्कर्म और शारीरिक शोषण संबंधी रिवीजन याचिका दायर की थी। जिसे सत्र न्यायालय ने स्वीकार लिया है। साथ ही पत्रावली तलब करते हुए नोटिस जारी किए हैं और सुनवाई के लिए अगले माह की 19 तारीख नियत की है।
कस्बा अतरौली निवासी युवक की इस कहानी पर गौर करें तो घटनाक्रम दो-तीन साल पहले से चल रहा है। वह एक निजी कंपनी में जॉब करता था। तभी उसकी मुलाकात एक युवती से हुई। दोनों में दोस्ती हो गई। इसी दोस्ती की आड़ में युवती ने उससे शारीरिक संबंध बनाने पर जोर दिया। जब युवक ने इस बात पर ऐतराज जताया तो युवती धमकी देने लगी कि वह उसे किसी भी झूठे मुकदमे में फंसा देगी। इस तरह वह उसे ब्लैकमेल करती रही। वाकया सितंबर 2013 का है, जब पानी सिर से ऊपर चढ़ गया तो युवक ने पुलिस की मदद ली। मगर पुलिस ने उसकी नहीं सुनी। इस पर युवक ने सीजेएम कोर्ट में युवती के खिलाफ यौन शोषण व जबरन दुष्कर्म संबंधी याचिका दायर की। एक माह बाद निचली अदालत से यह याचिका खारिज कर दी गई। इसके बाद युवक ने सत्र न्यायालय में रिवीजन याचिका दायर की। 21 अगस्त को सत्र न्यायालय ने युवक की यह याचिका स्वीकार कर ली है और इस मामले में आरोपी सहित सभी पक्षों को नोटिस जारी करते हुए पत्रावली तलब की है। इधर, इस मामले में यह भी उल्लेखनीय है कि युवक से युवती की दोस्ती पर युवती के परिजनों को भी ऐतराज था।