डेस्क न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान व एयर इंडिया के जनरल मैनेजर एमपी सिंह ने कहा कि जिस तरह से टीम इंडिया के क्रिकेटरों को रणजी, दिलीप, देवधर ट्रॉफी सहित अन्य घरेलू टूर्नामेंट खेलने की इजाजत बोर्ड से मिली हुई है, वैसे ही छूट टीम इंडिया के हॉकी के सितारों को भी मिलनी चाहिए। इसके लिए उन्होंने हॉकी इंडिया पर ठीकरा फोड़ा है।
ओलंपियन एमपी सिंह यहां बुधवार को डीएस कॉलेज में आयोजित अखिल भारतीय आमंत्रण महिला हॉकी प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले को देखने बतौर विशिष्ट अतिथि पहुंचे थे। उन्होंने अमर उजाला से खास बातचीत कहा कि लगातार हॉकी के पैटर्न में बदलाव हो रहा है। पहले हॉकी प्रतियोगिताएं कम होती थीं, जबकि मौजूदा वक्त में ज्यादा हो रही हैं। इसलिए हॉकी का ग्राफ बढ़ रहा है। पूर्व कप्तान ने हॉकी इंडिया पर कटाक्ष करते हुए कहा कि अब हॉकी इंडिया की नई सोच हो गई है। अगर वह अपने हॉकी के बड़े सितारों को घरेलू टूर्नामेंट में खेलने के लिए इजाजत दे दे, तो हॉकी की और मार्केटिंग होगी। अब मार्केटिंग का जमाना है, जो दिखता, वही बिकता है। कोई भी प्रशंसक सरदार सिंह को देखना चाहेगा, न कि गुमनामी में खो चुके हॉकी खिलाड़ियों को। उन्होंने कहा कि वाकई में अगर हॉकी का बढ़ावा चाहते हैं, तो इन्हें क्रिकेटरों की तरह घरेलू टूर्नामेंट में खेलने की इजाजत मिलनी चाहिए। तभी लोगों का और हॉकी खेलने वालों का रुझान हॉकी की ओर बढ़ेगा। समय के अनुरूप अब हॉकी इंडिया को भी अपना दिल बड़ा करना होगा। इससे ही हॉकी की स्वर्णिम तस्वीर बनेगी।