शहर के पुराने इंटर कॉलेजों में शुमार डीएवी इंटर कॉलेज के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों ने दो हिस्सों में पांच सौ मीटर सड़क बनाकर एक मिसाल पेश की है। कोरोना काल में कॉलेज परिसर की जर्जर सड़क के लिए जब विधायक निधि नहीं मिली तो यहां के सात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों ने सड़क बनाने का बीड़ा उठा लिया। कॉलेज प्रशासन की बिना मदद के उन्होंने यह कार्य किया है। इसके अलावा जिन कमरों पर 30 सालों से रंग रोगन नहीं हुआ था, उनकी दीवारों व दरवाजों पर पुताई व पेंट भी कर दिया है।
शहर के छर्रा अड्डा पुल नौरंगाबाद क्षेत्र में डीएवी इंटर कॉलेज है। इस कॉलेज के परिसर की आधा किमी सड़क जर्जर थी। बारिश में जलभराव व कीचड़ होने की दशा में बच्चे फिसल जाते थे। यह समस्या जब कोल विधायक अनिल पाराशर को बताई गई तो एक दिसंबर 2019 को पुरा छात्र सम्मेलन में उन्होंने विधायक निधि से सड़क बनवाने का आश्वासन दिया था। लेकिन कोरोना काल में विधायक निधि जारी नहीं हो पाई और कॉलेज भी बंद चल रहा था तो चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों ने खुद से सड़क बनाने का जिम्मा उठा लिया।
कर्मचारियों ने किया पुताई और पेंट
सात कर्मचारियों ने यहां-वहां से लाकर ईंटों की रोड़ी बिछाई। फिर मिट्टी डालकर जगह को समतल किया। इसके बाद ईंटें बिछा दी। जुलाई-अगस्त 2020 में 300 मीटर सड़क बना दी। इसके बाद 200 मीटर लंबी दूसरी सड़क दिसंबर-जनवरी में तैयार कर दी है। वहीं, 30 साल से कुछ दीवारों तथा दरवाजों पर रंग रोगन नहीं हुआ था। कर्मचारियों ने उनकी पुताई और पेंट कर दिया है। खास बात यह है कि इन्होंने सड़क बनाने में विद्यालय प्रशासन से किसी प्रकार का खर्च नहीं लिया, सभी ने खुद श्रमदान किया। ऐसे में जिले के 94 वित्त पोषित इंटर कॉलेजों में से एक डीएवी इंटर कॉलेज के कर्मचारियों ने मिसाल पेश की है।
इन्होंने बनाई सड़क
- अनुपम देवी निवासी नगला मानसिंह (सेवा कार्यकाल 6 साल) (पानी पिलाना)
- राजेंद्र निवासी छावनी नौरंगाबाद (सेवा कार्यकाल 20 साल) (स्वीपर)
- धर्मवीर सिंह निवासी किशनपुर (सेवा कार्यकाल 32 साल) (दफ्तरी)
- महेंद्र पाल सिंह किशनपुर (सेवा कार्यकाल 23 साल) (इलेक्ट्रीशियन, फर्रास)
- सर्वेश कुमार निवासी गढ़ियावली पनैठी (सेवा कार्यकाल 6 साल) (चौकीदार)
- पप्पू लाल निवासी गांव सहरोई, खैर रोड (सेवा कार्यकाल-20 साल, (चौकीदार)
- चंद्रशेखर (सेवा कार्यकाल-27 साल) (माली)
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के हौसले के बलबूते विद्यालय परिसर में साढ़े पांच सौ मीटर की सड़क तैयार हो गई है। यह कार्य सराहनीय है। एडीआईओएस दीप्ति वार्ष्णेय को इसकी जानकारी दी तो उन्होंने सभी को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। - विपिन वार्ष्णेय, प्रधानाचार्य डीएवी इंटर कालेज।