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1991 का विधानसभा चुनाव : खिला कमल....अलीगढ़ ने प्रदेश को दिया सीएम

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अभिषेक शर्मा
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अयोध्या से जुड़ी 1990 की घटना के बाद हुए प्रदेश में हुए ध्रुवीकरण, जनता दल और जनता पार्टी के बिखराव के बाद बदले सियासी हालात का जिसे जो फायदा मिला, वो अलग है। मगर, 1991 के विधानसभा चुनाव में अलीगढ़ को कल्याण सिंह के रूप में प्रदेश के मुख्यमंत्री की सौगात जरूर मिली। अतरौली से लगातार निर्वाचित होते आ रहे विधायक कल्याण सिंह के कट्टर हिंदू चेहरे के दम पर प्रदेश का चुनाव भाजपा ने लड़ा और सरकार बनाई। अतरौली से सियासत शुरू करने वाले भाजपा के दिग्गज नेता को पहली बार यूपी का मुख्यमंत्री बनाया गया। इस खबर ने अलीगढ़ को सौगात दी। कल्याण के चेहरे और भाजपा की लहर का ही दौर था कि जिले में पहली बार छह सीटों पर भाजपा ने जीत दर्ज की और चार सीटें जनता दल के खाते में गईं।
ये था प्रदेश में दलों का समीकरण
उत्तर प्रदेश में 9 राष्ट्रीय दल भाजपा, सीपीआई, सीपीएम, कांग्रेस सोशलिस्ट, कांग्रेस, जनता दल, जनता दल समाजवादी, जनता पार्टी व लोकदल मैदान में थे, जबकि चार राज्य स्तरीय दल बहुजन समाज पार्टी, ऑल इंडिया फारवर्ड ब्लाक, मुसलिम लीग व रेवोलेशनरी सोशलिस्ट पार्टी चुनाव मैदान में थे। इसके अलावा, 23 अपंजीकृत दल चुनाव मैदान में थे। इस चुनाव में प्रदेश की 425 सीटों में से 221 पर भाजपा, 46 पर कांग्रेस ने जीत दर्ज की। जनता दल 92 पर और जनता पार्टी 34 सीटों पर जीती।
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जिले में हावी रहा ध्रुवीकरण, इगलास-हाथरस पर जीता जनता दल
जिस तरह प्रदेश में जातीय व धार्मिक ध्रुवीकरण हावी था। उसका परिणाम जिले की दसों सीटों पर देखने को मिला। उस समय जाट बहुल हाथरस पर रामशरण सिंह, इगलास पर ज्ञानवती सिंह जीतीं और भाजपा नहीं जीत सकी। ये दोनों सीटें जाट चेहरों के दम पर जीती गईं। हां, सिकंदराराऊ में चेहरे के दम पर चुनाव जीता गया। इसके अलावा, बरौली पर ठा.दलवीर सिंह ने अपने दम पर जनता दल से चुनाव जीता। अतरौली, कोल, शहर, खैर, सासनी व गंगीरी पर कल्याण सिंह ने समीकरण व ध्रुवीकरण के सहारे भाजपा को जिताने का काम किया।
ये था दसों सीटों का परिणाम
-1 लाख 85 हजार 781 मतों वाली हाथरस सीट पर जनता दल के रामशरण सिंह 38190 मत पाकर जीते और भाजपा के सत्यपाल सिंह 30873 मत पाकर हारे।
-1 लाख 78 हजार 287 मतों वाली सासनी सीट पर भाजपा के हरिशंकर माहौर 34956 मत पाकर जीते और जनता दल के रमेश करन 17000 मत पाकर हारे।
-1 लाख 81 हजार 496 मतों वाली सिकंदराराऊ सीट पर जनता दल के सुरेश प्रताप गांधी 24840 मत पाकर जीते और जनता पार्टी के नेकराम शर्मा 21458 मत पाकर हारे।
-1 लाख 75 हजार 357 मतों वाली गंगीरी सीट पर भाजपा के डॉ.राम सिंह 30319 मत पाकर जीते और जनता पार्टी के वीरेश यादव 24419 मत पाकर हारे।
-1 लाख 88 हजार 784 मतों वाली अतरौली सीट पर भाजपा के कल्याण सिंह 58640 मत पाकर जीते और कांग्रेस के डॉ. अनवार खां 31263 मत पाकर हारे।
-2 लाख 05 हजार 838 मतों वाली अलीगढ़ सीट पर भाजपा के केके नवमान 52670 मत पाकर जीते और जनता दल के मो.सुफियान 47249 मत पाकर हारे।
-2 लाख 01 हजार 898 मतों वाली कोल सीट पर भाजपा के किशनलाल दिलेर 52800 मत पाकर जीते और जनता दल के फूल सिंह 22992 मत पाकर हारे।
-1 लाख 70 हजार 671 मतों वाली इगलास सीट पर जनता दल की ज्ञानवती सिंह 27315 मत पाकर जीतीं और बीजेपी के विक्रम सिंह हिंडौल 24899 मत पाकर हारे।
-1 लाख 73 हजार 913 मतों वाली बरौली सीट पर जनता दल के दलवीर सिंह 39523 मत पाकर जीते और भाजपा यशपाल सिंह चौहान 23139 मत पाकर हारे।
-1 लाख 81 हजार 923 मतों वाली खैर सीट पर भाजपा के महेंद्र सिंह 33736 मत पाकर जीते और जनता दल के जगवीर सिंह 28344 मत पाकर हारे।
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