चकमा दे विवाहिता ने बचाया कन्या भ्रूण
ब्यूरो, अमर उजाला, गंगीरी (अलीगढ़)।
लिंग परीक्षण में गर्भ में बेटी होने की बात पता चलते ही पति समेत ससुराल वाले विवाहिता के दुश्मन हो गए। जबरन उसको अलीगढ़ के एक अस्पताल ले जाकर गर्भपात कराने की कोशिश की। किसी तरह चकमा देकर विवाहिता अपने मायके पहुंची और खुद के साथ गर्भस्थ शिशु की जान बचाई।
थाना दादों के गांव बाजीदपुर निवासी पति समेत सात ससुरालीजनों के खिलाफ विवाहिता ने मारपीट, जान से मारने की धमकी समेत दहेज एक्ट में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
जिला कासगंज के थाना सोरों के गांव तोलकपुर निवासी नीरज देवी पुत्री रमेश कुमार के अनुसार फरवरी 2017 में उसका विवाह अलीगढ़ के थाना दादों के गांव बाजीदपुर निवासी शिवसिंह उर्फ सोनू पुत्र मलखान सिंह के साथ हुआ था। 20 अक्तूबर को उन्होंने पति को पिता बनने की जानकारी दी। इस पर पति अलीगढ़ में एक डाक्टर के यहां ले जाकर लिंग परीक्षण कराया।
गर्भ में बेटी की जानकारी पर पति, सास, ससुर आग बबूला हो उठे। उसे बुरी तरह पीटकर घायल कर दिया। जबरन गर्भपात कराने की कोशिश की। नीरज देवी ने गुरुवार को दादों थाने में पति शिव सिंह उर्फ सोनू, सास कमला देवी, ससुर मलखान सिंह, गजराज, जयसिंह निवासी बाजीदपुर, समशा देवी पत्नी विजय, पूनम पुत्री जयसिंह निवासी नगला मानसिंह अलीगढ़ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।