न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
कुश्ती प्रतियोगिता में फिल्म दंगल व सुल्तान फेम के पहलवान व पद्मश्री मास्टर चंदगीराम के बेटे भारत केसरी व अंतरर्राष्ट्रीय कुश्ती में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले जगदीश काली रमन ने कहा कि आधुनिक कुश्ती को अपनाना होगा।
मिट्टी के बजाय गद्दे की कुश्ती पर भविष्य उज्ज्वल है। उधर, ओलंपियन व अर्जुन अवॉर्डी अमित चौधरी व मुरादाबाद के भारत केसरी, यश भारती व लक्ष्मण अवार्ड से सम्मानित भगत सिंह आकर्षण का केंद्र रहे।
दो दिवसीय कुश्ती का शुभारंभ नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल, एडीएम सिटी एसबी सिंह, एडीएम प्रशासन अजय कुमार श्रीवास्तव, एसडीएम कोल जोगिंदर सिंह, सीएमओ एमएल अग्रवाल, एडवोकेट गीतांजलि शर्मा ने किया।
कार्यक्रम संयोजक डॉ. रक्षपाल सिंह व प्रदर्शनी स्पोर्ट्स के अध्यक्ष कौशल कुमार, पूर्व पार्षद मनोज शर्मा, अर्जुन सिंह फकीरा ने पहलवानों को सम्मानित किया। प्रतियोगिता में 190 पुरुष व 40 महिला पहलवान हिस्सा ले रही हैं।
पहले सेमी फाइनल में एएमयू के मोहम्मद पारस ने गुड्डू कैथल को हराया। दूसरे सेमीफाइनल में मोहित कैथल ने गौरव पाठक को हराया। रविवार को भीम उत्तर प्रदेश के लिए दोपहर तीन बजे कुश्ती लड़ी जाएगी। महिला ग्रुप में ललितेश प्रथम, 69 वर्ग भार में प्रियंका चौधरी प्रथम रहीं। निर्णायक मंडल में ब्रज मोहन मथुरा, अमित तेवतिया, हरकेश चौधरी, रवि कुमार रहे।
इस अवसर पर भगत सिंह बाबा, मुजाहिद असलम, हाजी मुकीम, बिलाल पहलवान, जयपाल खलीफा, यासीन खलीफा, इसराइल खलीफा आदि रहे। संचालन उप्र ओलंपिक संघ के सह संयुक्त सचिव मजहर उल कमर ने किया।