आगरा। महिलाओं से चेन और पर्स छीनने का गिरोह चलाने के गैंगस्टर एक्ट मामले में अदालत ने दो आरोपियों पंकज और श्याम को कार्रवाई से मुक्त कर दिया है। सुनवाई के दौरान गवाहों ने आरोपियों को पहचानने से इन्कार कर दिया। गैंग चार्ट में दर्ज मुकदमों में आरोपी पहले ही बरी हो चुके थे।
विशेष न्यायाधीश (गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम) अपर जिला न्यायाधीश-9 विवेक कुमार-प्रथम ने यह आदेश दिया। पंकज शाहगंज क्षेत्र के ग्यासपुरा और श्याम राजनगर का निवासी है। थाना लोहामंडी में 30 नवंबर 2009 को तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक आरपी सिंह ने पंकज को गिरोह का सरगना और श्याम व बिरजू को सदस्य बताते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई थी। मुकदमे के विचारण के दौरान आरोपी बिरजू की पत्रावली अलग कर दी गई। अदालत में पीड़ित सीमा गर्ग और गुड़िया दोनों ने पंकज और श्याम को पहचानने से मना कर दिया। विवेचक विनोद कुमार आर्य ने भी स्वीकार किया कि समय बीतने के कारण वह आरोपियों को पहचान नहीं सकते।