पुलिस की पूछताछ में अनिल ने बताया कि छोटा भाई सुरेंद्र कुछ काम नहीं करता था। रोज शराब पीने के कारण आए दिन पत्नी से उसका झगड़ा होता रहता था। 18 मई को रूबी ने फोन कर बुलाया और कहा कि पुलिस दबिश दे रही है, इसलिए मां और बच्चियों को अपने घर ले जाओ। घर पहुंचकर मां और भतीजियों को अपने घर ले आए। दूसरे दिन रूबी भी आ गई। बताया कि सुरेंद्र तीन हजार रुपये लेकर कहीं चले गए हैं। मोबाइल भी घर छोड़कर गए हैं। उन्हें उसकी बातों पर शक हुआ।
इसके बाद रूबी ने 26 मई को प्राची टावर चाैकी पर जेठ के साथ पहुंचकर पति की गुमशुदगी दर्ज करा दी। पुलिस तलाश के लिए रेणुका धाम काॅलोनी भी पहुंची। सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे। पुलिस के आने पर रूबी रोने लगती थी। एक सप्ताह पहले अनिल के कहने पर रूबी अपने घर आ गई थी।
2017 में सुरेंद्र के खिलाफ ट्रक चोरी का मामला दर्ज हुआ था। बुधवार को पुलिस इस मामले में रूबी के घर सत्यापन के लिए पहुंची थी। सुरेंद्र के बारे में पूछने पर पत्नी ने लापता होने की जानकारी दी तो पुलिसकर्मियों ने रूबी के फोटो खींच लिए। इससे रूबी घबरा गई। उसे लगा कि पुलिस से किसी ने शिकायत कर दी है। शुक्रवार को उसने जेठ को फोन करके घर बुलाया और बताया कि पति को मारकर शव बाथरूम में दफना दिया है। इसके बाद अनिल ने पुलिस को सूचना दी। माैके पर पहुंची पुलिस ने बाथरूम का फर्श खोदकर कंकाल बरामद किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही हत्या की प्राथमिकी दर्ज कर ली। आरोपी रूबी से पूछताछ की जा रही है।
24 साल पहले आगरा आया था परिवार
पुलिस के अनुसार, मूलरूप से भरतपुर के रंजीत नगर निवासी राधेश्याम शर्मा एक इंटर काॅलेज में प्रवक्ता पद पर कार्यरत थे। 24 साल पहले सेवानिवृत्त होने के बाद आगरा आ गए थे। सिकंदरा के दहतोरा स्थित रेणुका धाम काॅलोनी में रहने लगे। 14 साल पहले उनकी माैत हो गई थी। सुरेंद्र उनका छोटा बेटा था। बड़े बेटे अनिल ऑटो चालक हैं और वायु विहार, शाहगंज में रहते हैं। सुरेंद्र रेणुका धाम काॅलोनी में रहते थे। उनकी शादी 16 साल पहले रूबी से हुई थीं। दो बेटियां प्राची (15) और सिद्धि (9) हैं। सुरेंद्र की मां कमला भी साथ ही रहती थीं।